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स्वदेशी जागरण मंच ने कहा: ऑनलाइन कारोबारियों के संरक्षण का भी हाे प्रावधान
Thu, 22 Jul 2021 08:37 AM IST
Kuldeep Singh
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Kuldeep Singh
Updated Thu, 22 Jul 2021 08:37 AM IST
सार
- उपभोक्ता शिकायतों के निपटान के लिए ई-अदालतें गठित करे सरकार
- स्वदेशी जागरण मंच ने ई-कॉमर्स नियमों में विभिन्न बदलावों का दिया सुझाव
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स्वदेशी जागरण मंच
- फोटो : Twitter
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विस्तार
स्वदेशी जागरण मंच (एसजेएम) ने प्रस्तावित उपभोक्ता संरक्षण (ई-कॉमर्स) नियमों में विभिन्न बदलावों का सुझाव दिया है। उपभोक्ता मामलों के मंत्रालय को बुधवार को भेजे गए सुझाव में मंच ने कहा कि सरकार को ई-कॉमर्स कंपनियों से जुड़े कारोबारियों और सेवा प्रदाताओं के संरक्षण का भी प्रावधान करना चाहिए। साथ ही उपभोक्ता शिकायतों के निपटान के लिए ई-अदालतें गठित करनी चाहिए।
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स्वदेशी जागरण मंच ने कहा, ऐसी आम धारणा है कि ये नियम ई-कॉमर्स से जुड़े सभी पक्षों पर लागू होते हैं, जो सही नहीं है। ऐसा इसलिए, क्योंकि उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम कारोबारियों एवं सेवा प्रदाताओं पर लागू नहीं होते हैं।
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उपभोक्ता मामलों के मंत्रालय को इस विषय पर स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए। उद्योग संवर्द्धन एवं आंतरिक व्यापार विभाग को कारोबारियों एवं सेवा प्रदाताओं के संरक्षण के लिए उपयुक्त नियम बनाने चाहिए।
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ई-कॉमर्स इकाइयों के अनिवार्य पंजीकरण का स्वागत
संगठन ने प्रस्तावित नियमों के तहत ई-कॉमर्स इकाइयों के अनिवार्य पंजीकरण को स्वागत योग्य कदम बताया है। कहा कि डीपीआईआईटी को निगरानी तंत्र बनाकर नियमों में जांच एवं अनुपालन के उद्देश्य से क्षमता निर्माण पर जोर देना चाहिए।