फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Business ›   Startups ›   Indian Startup Officers said Free service to Amazon-Uber and Google charging from us

Google: भारतीय स्टार्टअप अधिकारी बोले- अमेजन-ऊबर को मुफ्त सेवा, हमसे शुल्क ले रहा गूगल

Wed, 06 Mar 2024 06:32 AM IST
जलज मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: जलज मिश्रा Updated Wed, 06 Mar 2024 06:32 AM IST
सार

शादी डॉटकॉम संस्थापक व सीईओ अनुपम मित्तल ने कहा-हम चाहते हैं कि डवलपर्स की पेमेंट गेटवे का विकल्प चुनने की स्वतंत्रता बनी रहे। इसके लिए क्या शुल्क देना है, यह खुले बाजार को तय करने देना चाहिए।

विज्ञापन
Indian Startup Officers said Free service to Amazon-Uber and Google charging from us
Google - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

गूगल के बयान के बाद भारतीय स्टार्टअप के प्रमुख अधिकारियों व संस्थापकों ने कहा कि यह अंतरिम समझौता है, लड़ाई अभी खत्म नहीं हुई है। साथ ही बताया गूगल भारतीय कंपनियों के लिए अपनी नीति चुनिंदा ढंग से लागू कर रहा है। जो सेवाएं वह अमेजन और ऊबर जैसी वैश्विक कंपनियों से मुफ्त दे रहा है, उनके लिए भारतीय स्टार्टअप से शुल्क वसूल रहा है। स्टार्टअप ने बताया कि दोनों पक्ष जब विवाद का समाधान निकालने के लिए अगले 4 महीने साथ बैठक कर वार्ता कर रहे होंगे, तब भी गूगल 11 से 26 प्रतिशत तक सेवा शुल्क वसूलता रहेगा। 

विज्ञापन

भारत में गूगल अपनी नीति चुनिंदा ढंग से लागू कर रहा: अनुपम
शादी डॉटकॉम संस्थापक व सीईओ अनुपम मित्तल ने कहा-हम चाहते हैं कि डवलपर्स की पेमेंट गेटवे का विकल्प चुनने की स्वतंत्रता बनी रहे। इसके लिए क्या शुल्क देना है, यह खुले बाजार को तय करने देना चाहिए।

विज्ञापन

बड़ी टेक कंपनियों के भेदभाव से स्टार्टअप को बचाना होगा: स्नेहिल खानोर
ट्रूली मैडली के सह संस्थापक व सीईओ स्नेहिल खानोर ने कहा- हमने सरकार से अपील की है कि एक कानूनी ढांचा बने, जो किसी वैश्विक और भीमकाय टेक कंपनी की एकतरफा व भेदभावपूर्ण नीतियों से भारतीय स्टार्टअप और इनोवेटर्स को सुरक्षा दे।

विज्ञापन
विज्ञापन

समझौता अस्थायी समाधान, हमारे लिए यह लंबी लड़ाई: लालचंद बिसू
कुकू एफएम के सह संस्थापक व सीईओ लालचंद बिसू बोले-यह समझौता थोड़े समय के लिए निकला समाधान है। हम जानते हैं कि गूगल इसका भी कोई न कोई शातिराना तोड़ फिर से निकाल ही लेगा। हमारे लिए यह लंबी लड़ाई है।

गूगल की वसूली बड़ा बोझ : मुरुगवेल
भारत मैट्रीमनी के सीईओ मुरुगवेल जानकीरमण ने कहा-पेमेंट गेटवे पर 1 से 2 प्रतिशत शुल्क लिया जाता है, लेकिन गूगल जो शुल्क वसूल रहा है, वह डिजिटल स्टार्टअप्स के लिए बहुत बड़ा बोझ है।

समझौता न्यायोचित नहीं: विनय सिंघल
स्टेज के सह संस्थापक व सीईओ विनय सिंघल ने कहा-इस समय हुआ अंतरिम समझौता न्यायोचित नहीं है। लेकिन कुछ समय के लिए इसे स्वीकारा जा सकता है। तब तक हम लंबे समय के लिए समाधान निकालने का प्रयास करेंगे।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed