बजट 2019 से आम जनता को उम्मीदें, तीन लाख रुपये से शुरू हो सकती है टैक्स स्लैब
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मोदी सरकार आम करदाताओं को पांच जुलाई को पेश होने वाले बजट में बड़ी राहत दे सकती है। आयकर दाताओं को अंतरिम बजट में तत्कालीन वित्त मंत्री पीयूष गोयल ने पांच लाख रुपये तक छूट का एलान किया था। लेकिन उस वक्त टैक्स स्लैब में किसी प्रकार का कोई परिवर्तन नहीं किया गया था। अब वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण अपने पहले बजट में इस बात का तोहफा लोगों को दे सकती हैं।
इनकम टैक्स में मिल सकती है ये रियायत
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण आयकर में छूट का स्लैब तीन लाख रुपये कर सकती है। टैक्स में छूट के इस प्रस्ताव से देश के करोड़ों टैक्सपेयर्स को कम से कम 50 हजार रुपये का अतिरिक्त फायदा होगा। अभी टैक्स स्लैब 2.50 लाख रुपये से शुरू होता है। ऐसे में लोगों को पांच लाख तक की आय पर टैक्स में छूट तो मिलेगी, साथ ही करीब 50 हजार रुपये का फायदा और होगा।
आयकर विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी का कहना है कि अंतरिम बजट में जो आयकर छूट से जुड़ा प्रस्ताव आया था, वह छूट नहीं, बल्कि रिबेट था। इसका मतलब है कि यह रिबेट सिर्फ उन्हीं आयकरदाताओं पर लागू होगा, जिनकी सालाना आय पांच लाख रुपये तक है।
यदि आयकरदाता की आमदनी पांच लाख से 10 रुपये भी ज्यादा होगी तो उसे आयकर छूट की प्रारंभिक सीमा ढाई लाख से ज्यादा की पूरी आमदनी पर टैक्स देना होगा, वह भी सेस और सरचार्ज के साथ। हालांकि, पांच लाख रुपये से ज्यादा की आमदनी वाले आयकरदाता कई तरह के निवेश के जरिये अपनी आमदनी को रिबेट के दायरे में ला सकते हैं।
अभी मिलती है इतनी छूट
| आय | टैक्स | बचत |
| 5 लाख | 0 | |
| 6 लाख | 20800 | 13000 |
| 7 लाख | 41600 | 13000 |
| 10 लाख | 104000 | 13000 |
| 15 लाख | 260000 | 13000 |
8 लाख रुपये तक की आय ऐसे बचाएं टैक्स
5 लाख रुपये आपकी आय + 50 हजार स्टैंडर्ड डिडक्शन + 1.5 लाख 80सी के तहत+ 50 हजार एनपीएस में निवेश पर+ 25 हजार मेडिकल खर्च पर क्लेम+ 25 हजार राजीव गांधी इक्विटी स्कीम। इस तरह आपको कुल 8 लाख रुपये पर कोई टैक्स नहीं देना पड़ेगा।ऐसे बचाएं टैक्स
| छूट के विकल्प | आम नागरिक | वरिष्ठ नागरिक |
| सेक्शन 80सी | 1,50,000 | 1,50,000 |
| एनपीसी | 50,000 | 50,000 |
| 80टीटीए | 10,000 | 50,000 |
| 80डी | 25,000 | 50,000 |
| टैक्स फ्री रकम | 2,35,000 | 3,00,000 |
| होम लोन ब्याज | 2,00,000 | 2,00,000 |
| कुल टैक्स फ्री रकम | 4,35,000 | 5,00,000 |
| कुल आय बिना टैक्स | 9,35,000 | 10,00,000 |
ऐसे होगी 10 लाख रुपये पर बचत

ये फैसला भी ले सकता है वित्त मंत्रालय
इसके साथ ही वित्त मंत्रालय धारा 80 सी के अंतर्गत निवेश और बचत के लिए दी जाने वाली कर मुक्त आय सीमा को बढ़ाने पर भी विचार कर रहा है। इनकम टैक्स एक्ट की धारा 80 सी के अंतर्गत मौजूदा समय में 1.5 लाख रुपये प्रति वर्ष तक की राशि करमुक्त होती है। वहीं इसको दो लाख रुपये किया जा सकता है।