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स्मॉल सेविंग स्कीम की ब्याज दरों में नहीं हुआ बदलाव, बढ़ गई आधार से लिंक कराने की डेडलाइन

Thu, 29 Mar 2018 12:05 PM IST
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Thu, 29 Mar 2018 12:05 PM IST
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government maintain status quo on small saving interest rates for next quarter
नए वित्त वर्ष की पहली तिमाही में पीपीएफ, एनएससी जैसी अन्य स्मॉल सेविंग स्कीम में ब्याज दरों में किसी तरह का कोई बदलाव नहीं किया गया है। इसके साथ ही केंद्र सरकार ने आधार से लिंक करने की डेडलाइन को भी अनिश्चितकाल के लिए आगे बढ़ा दिया है। 
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जारी हुआ नोटिफिकेशन
वित्त मंत्रालय ने नोटिफिकेशन जारी करते हुए कहा है कि स्मॉल सेविंग स्कीम पर जनवरी-मार्च 2018 के लिए लागू की गई ब्याज दर ही लागू रहेगी। इससे अगले तीन महीने और, लोगों को पुरानी ब्याज दर पर ही संतोष करना पड़ेगा। हालांकि इससे पहले खबर आई थी सभी स्मॉल सेविंग स्कीम पर ब्याज दर बढ़ जाएगी। 
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अभी यह है ब्याज दर
पोस्ट ऑफिस में चलने वाली विभिन्न सेविंग स्कीम पर मिलने वाले ब्याज दर में केंद्र सरकार ने दिसंबर में कटौती की थी। पीपीएफ पर 7.6 फीसदी, एनएससी पर 7.6 फीसदी, मंथली सेविंग स्कीम पर 7.3 फीसदी, सुकन्या पर 8.1 फीसदी और वरिष्ठ नागरिक सेविंग स्कीम पर 8.3 फीसदी ब्याज दर तय की थी। यह दरें अब जून तक लागू रहेंगी। 
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सेविंग स्कीम में है लॉक-इन पीरियड

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अभी इन सभी बचत योजनाओं में अलग-अलग लॉक-इन पीरियड है, जिसके कारण लोगों को तय अवधि तक निवेश करना होता है और उसके बाद वो अपनी जमा राशि निकाल सकते हैं। हालांकि सरकार पीपीएफ सहित सभी योजनाओं के लिए कानून में बदलाव करने भी जा रही है, जिसके कारण इस तरह के सभी लघु बचत खाते बैंकों में चलने वाले आम बचत खाते में तब्दील हो जाएंगे। 

इमरजेंसी के वक्त निकाल सकेंगे पैसा
सरकार जो नया कानून लेकर के आएगी उसके मुताबिक खाताधारक किसी भी इमरजेंसी के वक्त खाते से पैसा या फिर उसको बंद कर सकेंगे। सरकार का मानना है कि ऐसा करने से ज्यादा से ज्यादा लोग इन लघु बचत योजनाओं में निवेश करेंगे। 

पीपीएफ में 15 साल का है लॉक-इन पीरियड
पीपीएफ में फिलहाल 15 साल का लॉक-इन पीरियड है, जिसमें 7 साल के बाद चार साल तक जमा हुई कुल राशि की 50 फीसदी रकम निकाली जा सकती है। इस स्कीम में पांच साल बाद खाते को बंद कर सकते हैं, लेकिन ब्याज नहीं मिलेगा। 

नये कानून से इन खातों पर पड़ेगा असर
स्मॉल सेविंग एक्ट के खत्म होने से जिन अकाउंट्स पर सर्वाधिक असर पड़ेगा, उनमें पोस्ट ऑफिस सेविंग बैंक अकाउंट, नेशनल सेविंग मंथली इनकम, नेशनल सेविंग आरडी अकाउंट, सुकन्या समृद्धि अकाउंट, नेशनल सेविंग टाइम डिपॉजिट (1,2,3 और 5 साल), सीनियर सिटीजंस सेविंग स्कीम, एनएससी, पीपीएफऔर किसान विकास पत्र शामिल हैं। 
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