उम्मीदों को झटका: जीएसटी के दायरे में नहीं आए डीजल-पेट्रोल, सरकार ने कैंसर की दवाओं पर दी यह छूट
वित्त मंत्री ने साफ कर दिया कि पेट्रोल-डीजल को जीएसटी दायरे में नहीं लाया जाएगा। हालांकि उन्होंने कुछ जीवनरक्षक दवाओं को जीएसटी से छूट देने का एलान किया। प्रेस कांफ्रेंस में और क्या क्या कहा उन्होंने जानिए।
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विस्तार
पेट्रोल-डीजल के दामों में कमी की उम्मीद लगाए बैठे लोगों को आज फिर निराशा हाथ लगी। जीएसटी काउंसिल की बैठक के बाद साफ हो गया कि फिलहाल पेट्रोल-डीजल को जीएसटी के दायरे में नहीं लाया जाएगा। 45वीं जीएसटी काउंसिल की बैठक के बाद वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने इसमें लिए गए फैसलों की जानकारी दी।
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने काउंसिल की बैठक के बाद प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि जीएसटी काउंसिल ने महसूस किया कि पेट्रोल-डीजल को जीएसटी के दायरे में लाने का ये सही वक्त नहीं है।
GST Council felt it isn't time to bring petroleum products under GST regime: Finance Minister Nirmala Sitharaman
— Press Trust of India (@PTI_News) September 17, 2021
केंद्र-राज्यों की कमाई
मालूम हो कि एक जुलाई 2017 को जब जीएसटी लागू हुआ था तो केंद्र व राज्य सरकारों ने अपने राजस्व के मद्देनजर कच्चे तेल, प्राकृतिक गैस, पेट्रोल, डीजल और एटीएफ को जीएसटी के दायरे से बाहर रखा था। इस पर केंद्र सरकार व राज्य सरकारें अपने-अपने यहां अलग-अलग कर लगाती हैं और उससे आने वाला पैसा सरकारी खजाने में जाता है।
पेट्रोल-डीजल पर कितना लगता है टैक्स?
आज दिल्ली में पेट्रोल की कीमत 101.19 रुपये और डीजल की कीमत 88.62 रुपये प्रति लीटर है। इधर आपके लिए ये जानना जरूरी है कि इस कीमत में से आधे से ज्यादा पैसा कंपनियों के पास नहीं, बल्कि टैक्स के रूप में केंद्र और राज्य सरकार के पास जाता है।
और क्या-क्या कहा पढ़ें
- कुछ जीवनरक्षक दवाओं को जीएसटी से छूट दी गई है। ये दवाएं कोरोना से जुड़ी नहीं हैं लेकिन बेहद महंगी है।
- मैं ऐसी दो दवाओं के नाम ले रही हूं जो बेहद महंगी हैं। ये हैं जोलगेंज्मा और विलटेस्पो। इन दोनों की कीमत करीब 16 करोड़ रुपये है। काउंसिल ने इन पर जीएसटी में छूट देने का फैसला लिया है।
I am giving the names of two because those two are very expensive drugs - Zolgensma and Viltepso. These two are very important drugs which cost something like Rs 16 crores. So the council has decided to grant exemption from GST for these 2: FM after 45th GST Council meeting
— ANI (@ANI) September 17, 2021
- जीएसटी काउंसिल ने कोरोना के इलाज में इस्तेमाल दवाओं पर जीएसटी में छूट 31 दिसंबर तक बढ़ा दी है। इसके अलावा कैंसर के इलाज में इस्तेमाल दवा पर जीएसटी 12 से घटाकर 5 फीसदी कर दी है।
- दिव्यांगों द्वारा इस्तेमाल की जाने वाली वाहनों की रेट्रो फिटमेंट किट पर जीएसटी घटाकर 5 फीसदी कर दिया गया है।
- तेल कंपनियों द्वारा सप्लाई किया जाने वाला बायोडीजल, जिसे डीजल में मिलाया जाता है, उस पर जीएसटी 12 से घटाकर 5 फीसदी किया गया है।