फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Business ›   Corporate ›   insolvency case can be filed against jet airways, may hamper plans of banks for new investors

जेट एयरवेज के खिलाफ हो सकता है दिवालिया कोर्ट में केस

Mon, 22 Apr 2019 12:06 PM IST
paliwal पालीवाल बिजनेस डेस्क, अमर उजाला
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला Published by: paliwal पालीवाल Updated Mon, 22 Apr 2019 12:06 PM IST
विज्ञापन
insolvency case can be filed against jet airways, may hamper plans of banks for new investors

बंद हो चुकी जेट एयरवेज की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। अब कंपनी के ऊपर दिवालिया कोर्ट में केस दाखिल हो सकता है। जेट एयरवेज को अपनी सेवाएं देने वाली एक कंपनी ने 10 दिन के अंदर बकाया न मिलने पर यह कदम उठाने का संकेत दिया है। 

विज्ञापन

जेट एयरवेज को थमाया नोटिस

राजन राकेश एंड ब्रदर्स नाम की कंपनी ने जेट एयरवेज को 15 अप्रैल को नोटिस थमाते हुए कहा है कि वो 2 जनवरी से बकाया 25.68 लाख रुपये को जमा करे, नहीं तो उसके ऊपर दिवालिया कोर्ट में कार्यवाही की जाएगी।

विज्ञापन

बैंकों को लग सकता है झटका

एसबीआई की अगुवाई वाले बैंकों को झटका लग सकता है, अगर नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल ने राजन राकेश एंड ब्रदर्स की याचिका को सुनवाई के लिए स्वीकार कर लिया। ऐसा इसलिए क्योंकि बैंक भी फिलहाल नए निवेशक की प्रक्रिया को पूरा करने में लगे हुए हैं। 

विज्ञापन
विज्ञापन

पहले भरना होगा बकाया पैसा

अगर एनसीएलटी में सुनवाई होती है तो फिर बैंकों को सबसे पहले जेट एयरवेज के सभी बकाएदारों का पैसा देना होगा। अगर दिवालिया प्रक्रिया शुरू होती है  तो फिर अभी तक चल रहे नए निवेशक को चुनने के प्रोसेस में 180 से 270 दिनों की देरी हो सकती है। 

फिर नहीं शुरू हो पाएगी जेट एयरवेज

एक बार दिवालिया प्रक्रिया शुरू होने के बाद जेट एयरवेज को फिर से चालू करने में काफी देरी हो सकती है। इससे जिन निवेशकों ने फिलहाल बैंक के पास निविदाएं जमा की है, वो आगे चलकर के इस प्रक्रिया से बाहर हो सकते हैं। इससे बैंकों को भी अपना 8000 करोड़ रुपये से ज्यादा का कर्ज वापस पाने में दिक्कतें होंगी। 

इन कंपनियों ने जमा की हैं निविदाएं

फिलहाल जेट एयरवेज को दोबारा से शुरू करने के लिए एतिहाद एयरवेज, नेशनल इनवेस्टमेंट एंड इंफ्रास्ट्रक्चर फंड (एनआईआईएफ), प्राइवेट इक्विटी निवेशक टीपीजी कैपिटल और इंडिगो पार्टनर्स ने निविदाएं जमा की हैं। इस पर बैंक 10 मई तक फैसला लेगी। 

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और Union Budget से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed