फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Business ›   Business Diary ›   ONGC begins process to acquire 20 percent stake in Russia's Sakhalin-1, know details

ONGC: कंपनी ने रूस के सखालिन-1 में 20 फीसदी हिस्सेदारी हासिल करने प्रक्रिया शुरू की, जानें डिटेल्स

Tue, 18 Oct 2022 02:44 PM IST
विवेक दास बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: विवेक दास Updated Tue, 18 Oct 2022 02:44 PM IST
सार

ONGC: रूस की ओर से यूक्रेन पर हमले के बाद एक्सॉन मोबिल कॉर्प ने परियोजना से बाहर निकलने का फैसला किया था। एक्सॉन मोबिल की सखालिन-1 तेल क्षेत्र में 30 प्रतिशत हिस्सेदारी थी, जबकि ओवीएल के पास 20 प्रतिशत हिस्सा था।

विज्ञापन
ONGC begins process to acquire 20 percent stake in Russia's Sakhalin-1, know details
ओएनजीसी - फोटो : SELF

विस्तार

सार्वजनिक क्षेत्र की तेल विपणन कंपनी ओएनजीसी की विदेशी शाखा ओएनजीसी विदेश लिमिटेड (ओवीएल) ने एक रूसी  प्रोजेक्ट में हिस्सेदारी हासिल करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। ओवीएल ने सुदूर पूर्व में स्थित रूस की सखालिन-1 तेल और गैस परियोजना में 20 प्रतिशत हिस्सेदारी फिर से लेने की पेशकश की है। सूत्रों के हवाले से मीडिया में यह जानकारी सामने आ रही है।

विज्ञापन


बता दें कि रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने इसी महीने की शुरुआत में सखालिन-1 के परिचालक के रूप में कार्यरत अमेरिकी कंपनी एक्सॉनमोबिल की क्षेत्रीय सहायक इकाई - एक्सॉन नेफ्टेगाज के साथ करार को भंग कर दिया था और परियोजना तथा इसकी सभी संपत्तियों को एक नए परिचालक को स्थानांतरित करने का फैसला लिया था।
विज्ञापन


पुतित के इस फैसले के बाद परियोजना के अन्य पूर्व विदेशी शेयरधारकों को अपनी हिस्सेदारी हासिल करने के लिए अब रूसी सरकार के पास आवेदन देना होगा। इन हिस्सेदारों में ओवीएल भी शामिल है।मामले से जुड़े तीन सूत्रों के अनुसार ओवीएल ने उक्त परियोजना में अपनी 20 फीसदी हिस्सेदारी हासिल करने के लिए आवेदन करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।

विज्ञापन
विज्ञापन

एक सूत्र ने कहा, 'हम हिस्सेदारी बरकरार रखना चाहते हैं और स्थानीय कानून के मुताबिक हम वह सब करेंगे, जो हमें करने की जरूरत है।' एक अन्य सूत्र के अनुसार सखालिन-1 ओवीएल के लिए काफी फायदेमंद है और इस परियोजना के बिना कंपनी घाटे में चल रही इकाई होगी।


बता दें कि रूस की ओर से यूक्रेन पर हमले के बाद एक्सॉन मोबिल कॉर्प ने परियोजना से बाहर निकलने का फैसला किया था। एक्सॉन मोबिल की सखालिन-1 तेल क्षेत्र में 30 प्रतिशत हिस्सेदारी थी, जबकि ओवीएल के पास 20 प्रतिशत हिस्सा था। इस तेल क्षेत्र से वर्ष 2021 में औसतन 2.27 लाख बैरल तेल का प्रतिदिन उत्पादन हुआ था। ओवीएल वर्ष 2001 में इस परियोजना का हिस्सा बनी थी। वहीं, एक्सॉन मोबिल ने वर्ष 2005 में यहां से तेल उत्पादन शुरू किया था।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और Union Budget से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed