आयकर विभाग ने खंगाले शेयर ब्रोकरों-ट्रेडर्स के 39 ठिकाने
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आयकर विभाग ने 3500 करोड़ रुपये की कथित टैक्स चोरी को जांचने के लिए शेयर ब्रोकरों और ट्रेडर्स के 39 ठिकानों पर छापेमारी की। सीबीडीटी ने शनिवार को बताया कि यह छापेमारी देश के कई शहरों में बांबे स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) से जुड़े ब्रोकरों और ट्रेडर्स के यहां की गई।
आयकर विभाग के नीति निर्धारण का काम करने वाले केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) ने कहा कि यह छापेमारी अभियान 3 दिसंबर को मुंबई, कोलकाता, कानपुर, दिल्ली, नोएडा, गुरुग्राम, हैदराबाद और गाजियाबाद के 39 ठिकानों पर चलाया गया। इन ठिकानों से करीब 1.20 करोड़ रुपये की बेनामी रकम भी जब्त की गई है।
सीबीडीटी के मुताबिक, कार्रवाई के दायरे में उन ब्रोकरों और ट्रेडर्स को रखा गया था, जो बीएसई पर इक्विटी डेरिवेटिव सेगमेंट और करेंसी डेरिवेटिव सेगमेंट में उल्टे-सीधे स्टॉक ऑप्शंस की रिवर्सल ट्रेड के जरिये लाभ/हानि की सुविधा देने में शामिल हैं। इसके अलावा दीर्घावधि कैपिटल गेन में टैक्स छूट का लाभ उठाने के लिए भी गड़बड़ी किए जाने की बात सामने आई है। इसके जरिये करीब 2000 करोड़ रुपये की टैक्स चोरी किए जाने का अनुमान है।
इस तरह लगा रहे थे चूना
सीबीडीटी के मुताबिक, जांच में सामने आया है कि शेयर ब्रोकर और ट्रेडर्स इक्विटी डेरिवेटिव सेगमेंट में लिक्विट स्टॉक ऑप्शंस के जरिये खरीदारी करते हैं। इसके बाद बहुत ही छोटे समयांतराल में रिवर्सल ट्रेड का इस्तेमाल कर अपने खातों में कृत्रिम लाभ/हानि दिखा देते हैं। इस तरीके से कंपनियों को मनचाहा लाभ/हानि दिखाने का मौका मिल जाता है।