Budget 2021: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने की प्रेस वार्ता, बोलीं- अर्थव्यवस्था मजबूत होगी
संसद में बजट 2021-22 को पेश करने के बाद वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने सोमवार को प्रेस वार्ता कर कहा कि यह बजट देश की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने वाला है। वित्त मंत्री ने कहा कि यह बजट एक ऐसे समय में आया है जब हमने अर्थव्यवस्था को एक बार फिर से गति देने का फैसला किया है। अर्थव्यवस्था को गति देने के लिए हमने गुणात्मक रूप से खर्च करने का फैसला लिया है। इसके तहत बुनियादी ढांचे पर बड़ा खर्च कर जरूरी मांग को बढ़ावा देने का काम किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि इस बजट की दो महत्वपूर्ण विशेषताएं हैं। पहली विशेषता बुनियादी ढांचे पर खर्च, इसके तहत सड़कों, बिजली उत्पादन, पुलों, बंदरगाहों को प्रोत्साहित करना है। वित्त मंत्री ने कहा कि हमने पिछले साल जो कुछ देखा उसके चलते स्वास्थ्य क्षेत्र को बजट में बड़ी जगह दी गई है। यह बजट की दूसरी बड़ी विशेषता है, जिसमें प्रयोगशालाओं की स्थापना, नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ वायरोलॉजी, ब्लॉक्स स्तर पर क्रिटिकल केयर सेंटर की स्थापना, टेस्टिंग लैब आदि शामिल हैं।
बजट का बड़ा हिस्सा इंफ्रास्ट्रक्चर और स्वास्थ्य क्षेत्र को दिया गया है परंतु इसका मतलब यह नहीं है कि बजट में कृषि क्षेत्र को जगह नहीं मिली है। नाबर्ड के लिए आवंटन बढ़ाया गया है ताकि किसानों तक ज्यादा से ज्यादा फायदा पहुंच सके।
वित्त मंत्री ने बजट के बाद संवाददाता सम्मेलन में कहा कि कृषि बुनियादी संरचना उपकर से अंतिम उपभोक्ता के लिए कीमत नहीं बढ़ेगी, अधिक उपकर को समायोजित करने के लिए सीमा शुल्क को घटाया गया है। वित्त मंत्री के साथ मौजूद आर्थिक मामलों के विभाग के सचिव ने कहा कि बजट में वित्त वर्ष 2021-22 में जीडीपी में वर्तमान मूल्य पर 14.4 प्रतिशत वृद्धि और राजस्व में 16.7 प्रतिशत वृद्धि का अनुमान है।
बजट के दिल में गांव, किसान हैं: मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को संसद में बजट भाषण के बाद देश को संबोधित करते हुए कहा कि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा पेश किया गया आम बजट हर क्षेत्र में 'ऑल राउंड' विकास की बात करता है और इसके दिल में गांव और किसान हैं।
बजट पेश किए जाने के बाद प्रधानमंत्री ने इसकी सराहना करते हुए कहा कि वर्ष 2021 का बजट असाधारण परिस्थितियों के बीच पेश किया गया है। उन्होंने कहा कि इसमें यथार्थ का एहसास भी और विकास का विश्वास भी है।
उन्होंने कहा कि इस बजट में देश में कृषि क्षेत्र को मजबूती देने के लिए और किसानों की आय बढ़ाने के लिए बहुत जोर दिया गया है। किसानों को आसानी से और ज्यादा ऋण मिल सकेगा। देश की मंडियों को और मजबूत करने के लिए प्रावधान किया गया है। ये सब निर्णय दिखाते हैं कि इस बजट के दिल में गांव हैं, हमारे किसान हैं।