फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Business ›   Business Diary ›   Business Update RBI PAK Money SEBI IPO List Share Market USD INR Value Commerce Trade Import Export Hindi News

Biz Updates: RBI ने कहा- पाकिस्तान से आने वाले धन की जांच बढ़ाएं बैंक; EY ने रिपोर्ट में भारत पर किया ये दावा

Wed, 27 Aug 2025 07:20 AM IST
ज्योति भास्कर बिजनेस डेस्क, अमर उजाला।
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला। Published by: ज्योति भास्कर Updated Wed, 27 Aug 2025 07:20 AM IST
विज्ञापन
Business Update RBI PAK Money SEBI IPO List Share Market USD INR Value Commerce Trade Import Export Hindi News
बिजनेस अपडेट - फोटो : अमर उजाला

भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने सभी बैंकों से पाकिस्तान से आने वाले धन की जांच बढ़ाने के लिए कहा है। आशंका है कि इस धन का इस्तेमाल हथियारों की खरीद में हो सकता है। मई में दोनों देशों के बीच चार दिनों तक चले सैन्य संघर्ष के बाद यह कदम उठाया गया है। आरबीआई ने निर्देश में हथियारों के लिए वित्तपोषण की आशंका से पाकिस्तान को उच्च जोखिम वाला क्षेत्र बताया है। सूत्रों के अनुसार, जांच एजेंसियों को पता चला है कि कुछ पाकिस्तानी नागरिकों ने दूसरे देशों के जरिये भारत में धन भेजा था। पाकिस्तान से आने वाली राशि का भारत के बैंकिंग चैनलों के जरिये इस्तेमाल किए जाने का बड़ा खतरा है। वैसे पाकिस्तान से भारत में सीधे तौर पर नकदी का प्रवाह काफी हद तक प्रतिबंधित है। हर लेनदेन के लिए आरबीआई की मंजूरी जरूरी है।  वहीं, पाकिस्तान के केंद्रीय बैंक स्टेट बैंक ऑफ पाकिस्तान ने सफाई में कहा कि भारत की आेर से िकए जा रहे ऐसे दावे राजनीति से प्रेरित हैं।  

विज्ञापन


चार आईपीओ लिस्ट, 20 फीसदी तक मिला फायदा
शेयर बाजार में मंगलवार को चार कंपनियों के शेयर सूचीबद्ध हुए हैं। इनमें निवेशकों को 20 फीसदी तक फायदा मिला है। (आंकड़े रुपये में)

विज्ञापन
कंपनी का नाम इश्यू प्राइस (₹) लिस्टिंग प्राइस (₹) लिस्टिंग गेन (₹) लिस्टिंग गेन %
पटेल रिटेल 255 305 50 19.61%
श्रीजी शिपिंग 252 271 19 7.54%
विक्रम सोलर 332 338 6 1.81%
जेम एरोमेटिक्स 325 333 8 2.46%


केफिन टेक ने 87 लाख रुपये में निपटाया मामला
केफिन टेक्नोलॉजीज ने 87.7 लाख रुपये भरकर उल्लंघन से संबंधित मामले का सेबी के साथ निपटारा कर लिया है। केफिन ने अगस्त, 2024 में निपटान के लिए आवेदन दायर किया था। कंपनी समझौते की शर्त का उल्लंघन करती है तो सेबी आगे की कार्रवाई कर सकता है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

टैरिफ अनिश्चितताएं पूंजीगत व्यय के फैसले में डाल सकती है बाधा
अमेरिकी टैरिफ को लेकर अनिश्चितताएं इस वित्त वर्ष में पूंजीगत व्यय के फैसलों पर असर डाल सकती है। रेटिंग फर्म क्रिसिल ने बुधवार को यह बात कही। अमेरिकी राष्ट्रपति द्वारा रूसी तेल की खरीद को लेकर भारत पर लगाया गया अतिरिक्त 25% टैरिफ बुधवार को लागू हो गया। इससे भारत को कुल 50 प्रतिशत टैरिफ लग गया है। 

क्रिसिल ने कहा कि सरकार अब तक निवेश को बढ़ावा दे रही है, जबकि निजी कॉर्पोरेट पूंजीगत व्यय धीमा बना हुआ है। रिपोर्ट के अनुसार, हाल ही में लगाए गए टैरिफ से निवेशकों की धारणा पर नकारात्मक असर पड़ सकता है। हालांकि मजबूत कॉरपोरेट बैलेंस शीट्स नई निवेश योजनाओं को सहारा दे सकती हैं। क्रिसिल का मानना है कि मौजूदा अनिश्चित वैश्विक माहौल में मुक्त व्यापार समझौते निवेशकों का भरोसा बढ़ा सकते हैं। ये न केवल टैरिफ बाधाओं को कम करेंगे बल्कि स्थायी और अनुमानित व्यापार नीतियों की दिशा भी तय करेंगे।

भारत 2038 तक दूसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन सकता है: ईवाई रिपोर्ट
ईवाई की एक रिपोर्ट के अनुसार, भारत 2038 तक क्रय शक्ति समता (पीपीपी) के संदर्भ में दुनिया की दूसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन सकता है। भारत का अनुमानित जीडीपी 34.2 ट्रिलियन अमेरिकी डॉलर  पर पहुंच सकता है। ईवाई का यह दावा आईएमएफ के अनुमानों पर आधारित है।

रिपोर्ट के अनुसार, सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाओं में, भारत 2025 में 28.8 वर्ष की औसत आयु, दूसरी सबसे ऊंची बचत दर और सरकारी ऋण-से-जीडीपी अनुपात के 2024 में 81.3 प्रतिशत से घटकर 2030 तक 75.8 प्रतिशत होने का अनुमान के साथ सबसे आगे है, जबकि इसके समकक्ष देशों में ऋण का स्तर बढ़ रहा है। आईएमएफ की एक रिपोर्ट का हवाला देते हुए, ईवाई ने कहा कि भारत की अर्थव्यवस्था 2030 तक 20.7 ट्रिलियन अमेरिकी डॉलर (पीपीपी) तक पहुंच सकती है। 

ईवाई ने एक बयान में कहा, "हालांकि चीन 2030 तक अनुमानित 42.2 ट्रिलियन अमेरिकी डॉलर की अर्थव्यवस्था (पीपीपी) के साथ समग्र आकार में अग्रणी है, लेकिन इसकी वृद्ध होती आबादी और बढ़ता कर्ज चुनौतियां हैं। अमेरिका मजबूत बना हुआ है, लेकिन उसे जीडीपी के 120 प्रतिशत से अधिक के उच्च कर्ज स्तर और धीमी विकास दर का सामना करना पड़ रहा है। जर्मनी और जापान, हालांकि उन्नत हैं, उच्च मध्य आयु और वैश्विक व्यापार पर भारी निर्भरता से विवश हैं।"

आईसीईए ने एयर कंडीशनर और टेलीविजन पर जीएसटी दरों को घटाने की मांग की
इंडिया सेल्युलर एंड इलेक्ट्रॉनिक्स एसोसिएशन (आईसीईए) ने एयर कंडीशनर और टेलीविजन पर जीएसटी को कम करने की अपील की है। आईसीईए ने कहा कि इनपर लगने वाले 28 प्रतिशत जीएसटी को घटाकर 18 प्रतिशत कर दिया जाए। उन्होंने तर्क दिया गया है इन उत्पादों को और अधिक किफायती बनाने और भारत की विनिर्माण प्रतिस्पर्धात्मकता को मजबूत करने के लिए यह कदम जरूरी है। यह मांग ऐसे समय में आई है जब सरकर जीएसटी सुधारों पर काम कर रही है। इनकी दिवाली से पहले लागू होने की उम्मीद है। 

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और Union Budget से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed