फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Business ›   Banking Beema ›   government goes tough on wilful defaulters, will make changes in passport act

50 करोड़ से ज्यादा कर्ज लेकर विदेश भागने वालों पर सरकार ने तैयार किया यह प्लान

Wed, 08 Aug 2018 11:35 AM IST
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला Updated Wed, 08 Aug 2018 11:35 AM IST
विज्ञापन
government goes tough on wilful defaulters, will make changes in passport act

आने वाले दिनों में 50 करोड़ से ज्यादा का बैंकों पर कर्ज वाले विलफुल डिफॉल्टर्स अब आसानी से देश छोड़कर के भाग नहीं सकेंगे। केंद्र सरकार ऐसे लोगों पर नकेल कसने के लिए पासपोर्ट एक्ट में बदलाव करने जा रही है। 

विज्ञापन


कमेटी ने सरकार को दिया सुझाव

वित्तीय मामलों को देखने वाली राजीव कुमार की अध्यक्षता में बनी कमेटी ने सरकार को सुझाव देते हुए कहा है कि नीरव मोदी, मेहुल चौकसी और विजय माल्या जैसे भगोड़ों द्वारा किए गए आर्थिक अपराधों के बाद ऐसे और लोगों के देश छोड़ने में मुश्किल हो जाएगी। 
विज्ञापन


पासपोर्ट एक्ट में होगा यह बड़ा बदलाव

कमेटी ने केंद्र सरकार को सुझाव देते हुए पासपोर्ट एक्ट के सेक्शन 10 में बदलाव करने के लिए कहा है। कमेटी ने अपनी सिफारिश देते हुए कहा कि विलफुल डिफॉल्टर्स के द्वारा कभी भी देश छोड़ने पर पाबंदी लगाने के लिए, 50 करोड़ तक का कर्ज बैंकों से लेने वालों पर रोक लगाई जा सकती है। पासपोर्ट एक्ट में सेक्शन 10 पासपोर्ट पर रोक लगाने या फिर उसको जब्त करने पर फैसला लेता है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


मार्च में सरकार ने लागू किया यह नियम

केंद्र सरकार ने मार्च में सभी बैंकों को आदेश दिया था कि 50 करोड़ से ज्यादा का लोन लेने वाले सभी कर्जधारकों के पासपोर्ट डिटेल्स को भी लें। किसी भी इतने बड़े कर्जधारक को देश से बाहर जाने के लिए सरकार से मंजूरी लेना भी आवश्यक होगा। 

कमेटी में शामिल हैं यह लोग

जिस कमेटी ने यह सिफारिश की है उनमें आरबीआई, गृह मंत्रालय, विदेश मंत्रालय, ईडी और सीबीआई के प्रतिनिधि भी शामिल हैं। 

समिति ने कहा- अपराधियों के फरार होने वालों की नागरिकता रद्द की जाए

government goes tough on wilful defaulters, will make changes in passport act

गृह मंत्रालय ने पंजाब नेशनल बैंक के 14000 करोड़ रुपये घोटाले के आरोपी मेहुल चोकसी के एंटीगुआ की नागरिकता लेने की खबर के बाद इस समिति का गठन किया था। समिति को ऐसे भारतीय पासपोर्ट धारकों के मामलों को देखने को कहा गया था जिन्होंने दोहरी नागरिकता ले ली है। समिति ने वित्तीय सेवा सचिव राजीव कुमार की अध्यक्षता में एक उपसमिति बनाई थी जिसे भारतीय पासपोर्ट के दुरुपयोग और दोहरी नागरिकता के मुद्दे को देखने का काम सौंपा गया था।  

यह होगा बदलाव

सरकार दोहरी नागरिकता और पासपोर्ट से जुड़े नियमों में बदलाव करने जा रही है। सूत्रों के मुताबिक अब लोन लेकर विदेश भागना और बसना भी मुश्किल होगा। डिफॉल्टर को अब विदेश जाने की अनुमति लेनी होगी। आर्थिक अपराधियों के विदेश जाने पर रोक भी लगने की संभावना है। 

आसानी से नहीं मिलेगी नागरिकता

सरकार की दोहरी नागरिकता के नियमों में बदलाव की तैयारी है। जिसके तहत दूसरे देशों की नागरिकता लेने पर सख्ती होगी। इसके लिए पासपोर्ट नियमों में बदलाव की भी तैयारी है। इस मुद्दे पर वित्त मंत्रालय में बैंकिंग सचिव ने बैठक की है।

सूत्रों ने कहा कि मौजूदा प्रणाली में किसी डिफॉल्टर को अपराधी घोषित करने में काफी समय लगता है। ऐसे में समिति ऐसे तरीकों पर विचार कर रही है ताकि ऐसे मामलों में पहले से सतर्क किया जाएगा। 

पंजाब नेशनल बैंक में दो अरब डॉलर का घोटाला सामने आने के बाद वित्त मंत्रालय ने सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों से 50 करोड़ रुपये से अधिक का कर्ज लेने वालों के पासपोर्ट का ब्योरा जुटाने को कहा था। इस घोटाले का सूत्रधार नीरव मोदी और उसका मामा मेहुल चोकसी देश से भाग चुके हैं। शराब कारोबारी विजय माल्या मार्च, 2016 में देश छोड़कर भाग गया था। माल्या की किंगफिशर एयरलाइंस अपना कर्ज चुकाने में विफल रही थी। 

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और Budget 2022 से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed