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खुशखबर: इन बैंकों ने सस्ता किया कर्ज, ग्राहकों के लिए MCLR में की कटौती
Tue, 07 Jul 2020 12:12 PM IST
डिंपल अलवधी
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: डिंपल अलवधी
Updated Tue, 07 Jul 2020 12:12 PM IST
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
सार्वजनिक क्षेत्र के केनरा बैंक और बैंक ऑफ महाराष्ट्र ने ग्राहकों को राहत दी है। बैंक ने सभी अवधि के कर्ज के लिए कोष की सीमांत लागत आधारित ब्याज दर (एमसीएलआर) घटा दी है। यानी अब ग्राहकों को सस्ते में लोन मिल जाएगा।
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सात जुलाई से नई दरें होंगी लागू
केनरा बैंक और बैंक ऑफ महाराष्ट्र ने एमसीएलआर में क्रमश: 0.10 प्रतिशत और 0.20 प्रतिशत की कटौती की घोषणा की। यह कटौती सभी अवधि के कर्ज पर की गयी है जो सात जुलाई से प्रभाव में आ गई है।
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केनरा बैंक ने इतनी की कटौती
बंगलूरू स्थित केनरा बैंक ने एक साल के एमसीएलआर को घटाकर 7.55 प्रतिशत कर दिया है जो पहले 7.65 प्रतिशत थी। केनरा बैंक ने एक विज्ञप्ति में कहा कि एक दिन और एक महीने के लिये ब्याज दर 0.10 प्रतिशत घटाकर 7.20 प्रतिशत कर दिया गया है। वहीं तीन महीने के लिये एमसीएलआर 7.55 प्रतिशत से कम कर 7.45 प्रतिशत कर दिया गया है।
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बैंक ऑफ महाराष्ट्र ने ग्राहकों को इतना दिया लाभ
पुणे के बैंक ऑफ महाराष्ट्र (बीओएम) ने एक साल के एमसीएलआर को कम कर 0.20 प्रतिशत कम कर 7.50 प्रतिशत कर दिया है। अबतक यह 7.70 प्रतिशत थी। एक दिन, एक महीने और तीन महीने के कर्ज के लिये एमसीएलआर अब क्रमश: 7 प्रतिशत (अबतक 7.20 प्रतिशत), 7.10 प्रतिशत (7.30 प्रतिशत) और 7.20 प्रतिशत (अबतक 7.40 प्रतिशत) होगी।
इस संदर्भ में बैंक ऑफ महाराष्ट्र ने एक विज्ञप्ति में कहा कि, 'एमसीएलआर में कटौती का मकसद आर्थिक वृद्धि और औद्योगिक विकास में मदद करना है।' यह लगातार चौथा महीना है जब बैंक ने एमसीएलआर घटायी है।
क्या है एमसीएलआर ?
बैंकिंग क्षेत्र के नियामक रिजर्व बैंक ने एक अप्रैल 2016 से देश में मार्जिनल कॉस्ट ऑफ लेंडिंग के आधार पर एमसीएलआर की शुरुआत की थी। उससे पहले सभी बैंक आधार दर के आधार पर ही ग्राहकों के लिए ब्याज दर तय करते थे।
क्या है आधार दर ?
आधार दर वह न्यूनतम दर है जिस पर बैंक अपने ग्राहकों को ऋण दे सकते हैं। रिजर्व बैंक यह निगरानी करता है कि कोई भी बैंक आधार दर से कम पर किसी भी ग्राहक को ऋण नहीं दे।