फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   Bangle Business Affected due to coronavirus in firozabad

कोरोना के कोहराम में गुम हुई सुहाग नगरी की चूड़ियों की खनक, 500 करोड़ का कारोबार प्रभावित

Sat, 21 Mar 2020 12:45 AM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फिरोजाबाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फिरोजाबाद Published by: मुकेश कुमार Updated Sat, 21 Mar 2020 12:45 AM IST
सार

होली के बाद का समय चूड़ी के लिए लगन का सबसे बड़ा सीजन माना जाता है। लेकिन कोरोना के कारण चूड़ी उत्पादन से लेकर चूड़ी की बिक्री तक का चक्र टूट गया है।

विज्ञापन
Bangle Business Affected due to coronavirus in firozabad
चूड़ी कारोबार - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

कोरोना वायरस के कोहराम में फिरोजाबाद की चूड़ियों की खनक गुम हो गई है। यहां कांच चूड़ी कारोबार पूरी तरह से चरमरा गया है। बाहर से व्यापारी न यहां आ रहे हैं और न ही यहां के व्यापारी बाहर जा रहे हैं। 
विज्ञापन


यह समय चूड़ी के लिए लगन का सबसे बड़ा सीजन माना जाता है। चूड़ी उत्पादन से लेकर चूड़ी की बिक्री तक का चक्र कोरोना के कारण टूट गया है। बाहर के बाजारों से आर्डर नहीं मिल रहे हैं। 
विज्ञापन


चूड़ी कारोबारियों के अनुसार लगन के सीजन पर करीब पांच सौ करोड़ का कारोबार हो जाता है। कोरोना वायरस के कारण इस बार चूड़ी कारोबार पर बुरा असर पड़ा है। 

कारोबारियों में मायूसी

सुहाग नगरी में बनने वाली कांच की चूड़ियां पूरे देश में पहनी जाती हैं। होली के बाद चैत्र नवरात्र से मई माह तक पूरे देश में चूड़ियों की बंपर सेल होती है। चूंकि होली के बाद सहालग के साथ बडे़-बडे़ मेले आदि लगते हैं। 

इसलिए चूड़ी बाजार में इस सीजन को लगन का सीजन कहा जाता है। इस सीजन में चूड़ियों की सबसे अधिक मांग उत्तर प्रदेश के सभी शहरों के अलावा बिहार, मध्यप्रदेश और महाराष्ट्र से होती है। 

चूड़ी कारोबारियों के अनुसार लगन के सीजन में करीब 500 करोड़ का कारोबार होता है, लेकिन इस समय कोरोना के कारण कारोबार प्रभावित हुआ है। इससे कारोबारियों में मायूसी छाई हुई है। 

कोरोना के कारण व्यापार थमा

चूड़ी व्यापारी नीरज जैन ने कहा कि होली के बाद से ही पूरे देश से आर्डर मिलना शुरू हो जाते हैं। इस बार कोरोना के कारण व्यापार थम गया है। बाजार में सन्नाटा है। जबकि इस सीजन में फुरसत नहीं मिलती थी। 

चूड़ी व्यापारी उमेश उपाध्याय ने बताया कि चूड़ी व्यापार के लिए होली के बाद सबसे बड़ा सीजन शुरू होता है। बाहर के व्यापारी आर्डर नहीं दे रहे हैं। बाहर के व्यापारियों का कहना है कि कोरोना के कारण मेला आदि सब बंद हैं। चूड़ी बिकेगी कहां। 

चूड़ी व्यापारी सत्यवीर गुप्ता ने बताया कि कोरोना के कारण चूड़ी कारोबार थम सा गया है। तीन स्तर पर चूड़ी कारोबार प्रभावित है। उत्पादन, डेकोरेशन, चूड़ी गोदाम के साथ-साथ श्रमिक भी प्रभावित हैं। यहां से नेपाल और बंगलादेश भी चूड़ी जाती है। चूड़ी डेकोरेशन के लिए चीन से आने वाले आयटम भी नहीं आ रहे हैं। 
विज्ञापन

उत्पादन पर भी सीधा असर

चूड़ी कारखाना संचालक संजय कुमार घंटू ने बताया कि जब बाजार से चूड़ी की डिमांड नहीं निकल रही तब उत्पादन पर भी सीधा असर है। आर्डर न होने के कारण उत्पादन भी कम किया जा रहा है। पॉट फर्नेश के यहां सौ से अधिक चूड़ी कारखाने हैं। टैंक फर्नेश के करीब 12 कारखाने हैं। सभी में उत्पादन की रफ्तार कम है। 
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और Union Budget से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed