लिखी जा रही है दुनिया की सबसे लंबी कुरआन..
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इराक के हुसैन अल खर्सन दिनभर घुटने के बल बैठकर कुरआन की आयतें बहुत ही खूबसूरती से कागज पर उतारते हैं। 25 साल के हुसैन लकड़ी की कलम और स्याही से इन्हें लिख रहे हैं। वह चाहते हैं कि इसे गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में दर्ज करा सकें।
वह कागज के एक रोल पर इसे लिख रहे हैं और उम्मीद कर रहे हैं कि जब तक वह पूरी कुरआन लिख लेंगे, तब इस रोल की लंबाई 5500 से 6000 मीटर के बीच होगी। हुसैन इसे कैलीग्राफी की मदद से लिख रहे हैं, इस कुरआन के बारे में हुसैन बताते हैं कि 'कुरआन के कुल 503 पन्नों में से मैं हर रोज तीन पन्ने लिखता हूं, इन तीन पन्नों को लिखने के लिए मुझे पूरा दिन लग जाता है और यह काम बिलकुल भी आसान नहीं है। हालांकि शुरू में ही मुझे सफलता मिली और मैं दो हफ्तों तक हर रोज सोलह घंटे काम करता रहा'
9 साल की उम्र से ही कैलीग्राफी का शौक
हुसैन 9 साल की उम्र से ही कैलीग्राफी से जुड़ी प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेते रहे हैं। अरबी में लिखने का यह अंदाज बहुत खास माना जाता है। हुसैन जिस स्कूल में कुरान पर काम कर रहे हैं, वहां के प्रिंसिपल शेख अली मिर्जा का कहना है कि हम अरबी कैलीग्राफी वाले लोग हैं। कूफा की कैलीग्राफी बहुत मशहूर है और यह हमारे लिए कोई नई बात नहीं, क्योंकि हम तो इस तरह की कला को सदियों से इस्तेमाल करते आए हैं।
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कुरआन की लंबाई है छह किलोमीटर
इराक में दुनिया की सबसे लंबी कुरान लिखी जा रही है, इस कुरआन की लंबाई छह किलोमीटर की होगी और इसे लिखने में एक साल तक का समय लगेगा। सबसे बड़ी कुरान साढ़े छह फीट लंबी और करीब पांच फीट चौड़ी है, जबकि सबसे छोटी केवल 1.7 सेंटीमीटर लंबी और 1.3 सेंटीमीटर चौड़ी है। सबसे बड़ी कुरान का रिकॉर्ड पिछले साल ही नवम्बर में रूस में बना जबकि सबसे छोटी का 1982 में।