{"_id":"5acde3674f1c1bd63d8b4815","slug":"four-daughters-mother-found-alive-after-28-years-in-amritsar","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"पिता बोले- मां अब दुनिया में नहीं, 28 साल बाद हुआ कुछ ऐसा...बेटियों के उड़ गए होश","category":{"title":"Weird Stories","title_hn":"अजब गजब","slug":"weird-stories"}}
पिता बोले- मां अब दुनिया में नहीं, 28 साल बाद हुआ कुछ ऐसा...बेटियों के उड़ गए होश
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, अमृतसर(पंजाब)
Updated Sun, 22 Apr 2018 03:54 PM IST
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जिंदा मिली महिला
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28 साल बाद चार बेटियों के सामने 'मरी' हुई मां को लेकर एक ऐसा सच सामने आया कि जानकर उनके होश ही उड़ गए। मामला पंजाब के अमृतसर का है। चार बेटियों की मां 28 साल बाद जिंदा लौट आई, जिन्हें देखकर सभी हैरान रह गए।
मां और बेटियों का मिलन पिंगलवाड़ा के जरिए हुआ। मां को देखकर बेटियां भावुक हो गईं और फूट-फूट कर रोई। पिंगलवाड़ा चेरिटेबल संस्था की प्रधान डॉ. इंदरजीत कौर ने बताया कि जुलाई 2008 में रमा देवी नाम की महिला सरोज बाला को साथ लेकर आईं थी।
रमा देवी ने बताया कि सरोज की दिमागी हालत ठीक नहीं है। पति से तलाक हो चुका है। सरोज की मां की हालत भी ठीक नहीं है, इसलिए वह इन्हें संस्था में दाखिल कराने आई है।
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मां और बेटियों का मिलन पिंगलवाड़ा के जरिए हुआ। मां को देखकर बेटियां भावुक हो गईं और फूट-फूट कर रोई। पिंगलवाड़ा चेरिटेबल संस्था की प्रधान डॉ. इंदरजीत कौर ने बताया कि जुलाई 2008 में रमा देवी नाम की महिला सरोज बाला को साथ लेकर आईं थी।
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रमा देवी ने बताया कि सरोज की दिमागी हालत ठीक नहीं है। पति से तलाक हो चुका है। सरोज की मां की हालत भी ठीक नहीं है, इसलिए वह इन्हें संस्था में दाखिल कराने आई है।
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पति बीमारी के चलते मायके छोड़ गए थे
बुजुर्गों का सम्मान
- फोटो : zokudo
इंदरजीत कौर ने बताया कि इंदरजीत कौर ने बताया कि हमने सरोज को रख लिया। जब जांच पड़ताल की गई तो पता चला कि उनकी दो बेटियां शादीशुदा हैं और दो कुंवारी है। पति इन्हें दिमागी हालत ठीक न होने के कारण 28 साल पहले मायके छोड़ गए थे और उन्हें बता दिया गया कि इनकी बच्चियां मर चुकी हैं।
बेटियों से भी यही कहा गया कि उनकी मां मर चुकी है, लेकिन हकीकत कुछ और ही निकली। वहीं सरोज बाला की बड़ी बेटी मीनू ने बताया कि उनके नानके दोराहा के कद्दों गांव में हैं, जहां उनका किसी काम से जाना हुआ। वहां किसी ने बताया कि उनकी मां पिंगलवाड़ा में जिंदा है, जिसे सुनकर उन्होंने अपनी बाकी बहनों को फोन किया और उनसे मिलने यहां पहुंच गईं।
बेटियों से भी यही कहा गया कि उनकी मां मर चुकी है, लेकिन हकीकत कुछ और ही निकली। वहीं सरोज बाला की बड़ी बेटी मीनू ने बताया कि उनके नानके दोराहा के कद्दों गांव में हैं, जहां उनका किसी काम से जाना हुआ। वहां किसी ने बताया कि उनकी मां पिंगलवाड़ा में जिंदा है, जिसे सुनकर उन्होंने अपनी बाकी बहनों को फोन किया और उनसे मिलने यहां पहुंच गईं।