मां ने जुड़वा बच्चों को खुद ही निकाल लिया पेट से बाहर! देखें तस्वीरें
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आपने ऐसा पहले ना कभी देखा होगा और ना ही सुना होगा। डेली मेल के मुताबिक हाल ही में एक प्रसव से पीड़ित महिला ने अपने बच्चों को गर्भ से बाहर खुद ही निकाल लिया।
मामला ब्रिटेन के न्यू कैसल, साउथ वेल्स का है। 41 साल की ऑस्ट्रेलियाई मूल की गेरी वॉल्फ पहले से दस बच्चों की मां हैं। ये उनके 11वें और 12वीं संख्या के बच्चे थे। गर्भ में पल रहे बच्चे जुड़वा हैं, ये उन्हें पहले से पता था।
इसलिए जब उन्हें लेबर पेन शुरू हुआ तो एक वक्त बाद डॉक्टरों ने ये महसूस किया कि गेरी का सिजेरियन करना होगा क्योंकि बच्चे आराम से बाहर नहीं निकल रहे हैं।
गेरी ने दिया डॉक्टरों का साथ
गेरी भी पीड़ा झेलते हुए ये जान गई थी कि उनका सिजेरियन होकर रहेगा। ऐसे में उन्होंने भी एक अजब-गजब फैसला वहीं लिया।
गेरी ने तय किया डॉक्टरों ने पेट का काटने या कहें कि सी-सेक्शन करने के बाद गेरी खुद अपने बच्चों को गर्भ से बाहर निकालेंगी।
उन्होंने ऐसा ही किया। बता दें कि गेरी के पहले भी चार सिजेरियन हो चुकें हैं। ये उनका पांचवा सिजेरियन था। गेरी ने कहा कि उनके अब तक के सभी सिजेरियन काफी सर्जिकल और नॉन-पर्सपल से थे।
क्योंकि उसमें डॉक्टरों ने अपना काम किया था। लेकिन इन बच्चों का जन्म वो अनोखे तरीके से चाहती थीं।
ये थी मेटरनल असिसटेड सिजेरियन
डॉक्टरों ने बताया कि मेडिकल सांइस में प्रसव के दौरान बच्चे पैदा करने की कई तकनीकों में से एक तकनीक मेटरनल असिसटेड सिजेरियन भी है।
ये ऐसा सिजेरियन होता है जिसमें पेट में चीरा लगा देने के बाद से मां खुद ही गर्भ में हाथ डालकर अपने बच्चों को बाहर की ओर आराम से खींच लेती हैं।
इसका प्रचलन नहीं है क्योंकि ज्यादातर महिलाएं उस स्थिति में ही नहीं होती कि दर्द सहने के अलावा कुछ भी कर सकें।
गेरी ने अपने पति और सभी डॉक्टरों की सहमति मिलने की बाद उनके उपस्थिति में अपने जुड़वा बच्चों को पेट से निकाला।
ये प्रेगनेंसी है कुछ खास
गेरी ने बताया कि उनका गर्भ है और ये उनकी सोच की वो जैसे भी चाहें बच्चों को जन्म दें। गेरी के डॉक्टर ने कहा कि हाथ से बच्चा निकालने को लेकर उन्हें इंफेक्शन फैलने का डर था पर, ऐसा कुछ नहीं हुआ।
बच्चे आराम से बाहर निकल आए और अपनी मां के साथ सुरक्षित हैं। बढ़ रहें हैं। गेरी के लिए इन बच्चों का जन्म खास रहा। ये उन्हें ज्यादा अपने से लगे।
दोनों ही बच्चे ढ़ाई से तीन किलो के पैदा हुए और ये दोनों बच्चियां हैं। इस तरह की डिलिवरी से पहले गेरी को खास तरह के ग्लवस पहना दिए गए थे ताकि बच्चों तक किसी तरह की गंदगी ना पहुंचे।