फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Automobiles News ›   insurance claim rejected due to expired dl court orders 4 lakh compensation

Court Order: एक्सपायर DL पर इंश्योरेंस कंपनी ने किया क्लेम रिजेक्ट, कोर्ट ने दिया 4 लाख रुपये चुकाने का आदेश

Mon, 16 Jun 2025 09:16 AM IST
नीतीश कुमार ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: नीतीश कुमार Updated Mon, 16 Jun 2025 09:16 AM IST
सार

Court Order To Insurance Company: उत्तराखंड राज्य उपभोक्ता आयोग ने एक अहम फैसला सुनाते हुए श्रीराम जनरल इंश्योरेंस को 4 लाख रुपये मुआवजा देने का आदेश दिया है। यह आदेश ड्राइवर के एक्सपायर DL के चलते खारिज किए गए क्लेम के मामले में आया है।

विज्ञापन
insurance claim rejected due to expired dl court orders 4 lakh compensation
Driving License - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

उत्तराखंड राज्य उपभोक्ता आयोग ने श्रीराम जनरल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड को कार मालिक हरविंदर सिंह को 4 लाख रुपये का मुआवजा देने का आदेश दिया है। कंपनी ने सिंह का इंश्योरेंस क्लेम इस आधार पर खारिज कर दिया था कि दुर्घटना के वक्त ड्राइवर का ड्राइविंग लाइसेंस एक्सपायर हो चुका था।
विज्ञापन


क्या है पूरा मामला?
घटना 8 अप्रैल 2017 की है, जब ऋषिकेश के पास पावकी देवी रोड पर एक सुरक्षा दीवार गिरने से सिंह की कार खाई में गिर गई थी। इस हादसे में ड्राइवर जगदीश चौहान की मौत हो गई थी। बीमा पॉलिसी मई 2016 में ली गई थी और दुर्घटना के समय वैध थी। हालांकि, इंश्योरेंस कंपनी ने दावा खारिज करते हुए कहा कि ड्राइवर का लाइसेंस 23 मार्च 2017 को ही समाप्त हो चुका था।
विज्ञापन


ग्रेस पीरियड बना फैसले का आधार
हरविंदर सिंह ने जिला उपभोक्ता आयोग में शिकायत दर्ज कराई। अक्टूबर 2022 में आयोग ने उनके पक्ष में फैसला सुनाया। इंश्योरेंस कंपनी ने राज्य उपभोक्ता आयोग में अपील की, लेकिन वहां भी फैसला सिंह के पक्ष में गया।
विज्ञापन
विज्ञापन


सिंह के वकील ने दलील दी कि मोटर वाहन अधिनियम के अनुसार, ड्राइविंग लाइसेंस रिन्यू करने के लिए 30 दिन का ग्रेस पीरियड होता है और हादसा उसी अवधि में हुआ। आयोग ने माना कि अगर ड्राइवर जीवित होता, तो वह निश्चित रूप से लाइसेंस रिन्यू करवा लेता।


मुआवजा घटाकर 4 लाख किया गया
राज्य आयोग ने जिला आयोग का फैसला बरकरार रखा, लेकिन मुआवजे की राशि 6 लाख रुपये से घटाकर 4 लाख रुपये कर दी। इसके अलावा इंश्योरेंस कंपनी को शिकायत दर्ज करने की तारीख (2017) से 9% वार्षिक ब्याज और 5,000 रुपये मुकदमे के खर्च के तौर पर भी देने होंगे।
 
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें ऑटोमोबाइल समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। ऑटोमोबाइल जगत की अन्य खबरें जैसे लेटेस्ट कार न्यूज़, लेटेस्ट बाइक न्यूज़, सभी कार रिव्यू और बाइक रिव्यू आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed