एसयूवी सेगमेंट में फोर्ड, महिंद्रा, रेनो और निसान को चुनौती देगी हुंडई क्रेटा
मोटर कार बनाने वाली कोरियाई कंपनी हुंडई भारत में स्पोर्ट्स यूटिलिटी व्हीकल (एसयूवी) श्रेणी में धमाल मचाने के लिए अगले महीने अपने नए मॉडल क्रेटा के साथ बाजार में प्रवेश कर रही है।
कंपनी का दावा है कि इस श्रेणी में उसका वाहन और सबसे कई मायनों में बेहतर है। माना जा रहा है कि कंपनी ने महिन्द्रा एंड महिन्द्रा, निशान, टाटा मोटर्स और फोर्ड जैसी दिग्गज कार कंपनियों के एसयूवी को ध्यान में रख कर अपना यह मॉडल विकसित किया है।
हुंडई मोटर्स इंडिया लिमिटेड के प्रबंध निदेशक एवं सीईओ बीएस सियो ने बताया कि क्रेटा को विकसित करने के लिए कंपनी ने करीब 1,000 करोड़ रुपये का निवेश किया है।
फोर्ड, महिंद्रा, रेनो टाटा और निसान को चुनौती
हुंडई के सीनियर वाइस प्रेसिडेंट (सेल्स एंड मार्केटिंग) राकेश श्रीवास्तव ने नए मॉडल के प्रीव्यू के दौरान बताया कि पिछले दो वर्षों से एसयूवी श्रेणी में बेहतर विकास देखने को मिल रहा है।
इस श्रेणी में 25 फीसदी की विकास दर हासिल हो रही है। हालांकि इस वर्ष जनवरी से मई के दौरान करीब 6 फीसदी की गिरावट भी दर्ज की गई है। तब भी क्रेटा से इस श्रेणी में प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी। कंपनी को उम्मीद है कि क्रेटा से उसकी स्थिति मजबूत होगी।
विश्लेषकों का मानना है कि क्रेटा की टक्कर फोर्ड की इकोस्पोर्ट, रेनो की डस्टर, निसान टेरेनो और महिंद्रा की स्कोर्पियो, और टाटा के सफारी स्टॉर्म से होगी। इन प्रतियोगी वाहनों की कीमत 6.75 लाख से लेकर 15.99 लाख रुपये के बीच है।
क्या होगी क्रेटा की कीमत
हुंडई के अधिकारी क्रेटा की कीमत पर खामोश है। लेकिन इसमें जिस तरह की खूबियां दी जा रही हैं, उससे लगता है कि इसकी कीमत आठ से ग्यारह लाख रुपये के बीच हो सकती है। इसके डीजल और पेट्रोर्ल इंधन में चार-चार वेरिएंट होंगे। दोर्नों इंधनों के टॉप मॉडल में चमड़े की सीटें लगी होंगी।
श्रीवास्तव ने बताया कि क्रेटा का डिजाइन कोरिया में तैयार हुआ है। हालांकि इस कार्य में हैदराबाद और चेन्नई के आरएंडडी सेंटर के इंजीनियरों ने भी मदद की। तभी तो इसे भारतीय सड़कों के अनुरूप बनाया जा सका।
उन्होंने बताया कि इस वाहन का एसी बेहद प्रभावी है। इसकी टेस्टिंग हिमालयी क्षेत्र से लेकर उत्तर, दक्षिण, पूरब, पश्चिम सभी इलाकों में की गई है। इस वाहन की ग्लोबल लांचिंग भारत में होगी। इसके बाद इसे चरणबद्ध तरीके से दुनिया के अन्य देशों में उतारा जाएगा। कंपनी का कहना है कि फिलहाल इसे भारतीय बाजार में ही बेचने पर जोर दिया जाएगा। विदेशी बाजारों में क्रेटा की पैठ बाद में बनाई जाएगी।