फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Automobiles News ›   battery swapping policy battery swapping technology Government think tank Niti Aayog issues draft battery swapping policy for electric vehicles

EV: नीति आयोग ने बैटरी स्वैपिंग नीति का मसौदा किया जारी, इंसेंटिव, कड़े टेस्टिंग प्रोटोकॉल का दिया सुझाव

Thu, 21 Apr 2022 04:58 PM IST
अमर शर्मा ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: अमर शर्मा Updated Thu, 21 Apr 2022 04:58 PM IST
सार

सरकार के थिंक टैंक नीति आयोग ने गुरुवार को इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए बैटरी स्वैपिंग नीति का मसौदा पेश किया। आयोग ने इंसेंटिव के साथ-साथ स्वैपेबल बैटरी के लिए एक कड़े टेस्टिंग प्रोटोकॉल का सुझाव दिया है।

विज्ञापन
battery swapping policy battery swapping technology Government think tank Niti Aayog issues draft battery swapping policy for electric vehicles
Gogoro's EV battery swap technology - फोटो : Gogoro (For Reference Only)

विस्तार

सरकार के थिंक टैंक नीति आयोग ने गुरुवार को इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए बैटरी स्वैपिंग नीति का मसौदा पेश किया। आयोग ने इंसेंटिव के साथ-साथ स्वैपेबल बैटरी के लिए एक कड़े टेस्टिंग प्रोटोकॉल का सुझाव दिया है।
विज्ञापन


मसौदा नीति ऐसे समय में आई है जब ऐसे वाहनों में आग लगने की कई घटनाओं के मद्देनजर इलेक्ट्रिक वाहनों से जुड़े सुरक्षा के मुद्दों पर चिंता बढ़ रही है।

आयोग ने अपनी मसौदा नीति में कहा कि बड़े हो रहे शहरों में दोपहिया और तिपहिया वाहन सेगमेंट के महत्व को देखते हुए, राज्यों की राजधानियों, केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्यालय और 5 लाख से अधिक आबादी वाले शहरों को दूसरे चरण के तहत कवर किया जाएगा।
विज्ञापन


नीति में फिक्सड या स्वैपेबल बैटरी वाले इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री से जुड़े कारोबारी मॉडलों को समान मौकों की बात की गई है। 

इस मसौदे पर विचार-विमर्श किया जाएगा, और नीति आयोग ने 5 जून तक इस पर किसी भी तरह की टिप्पणी या सुझाव मांगे हैं।
 

battery swapping policy battery swapping technology Government think tank Niti Aayog issues draft battery swapping policy for electric vehicles
Gogoro's EV battery swap technology - फोटो : Gogoro (For Reference Only)
मसौदा नीति में यह भी प्रस्ताव है कि ईवी खरीद के लिए मौजूदा या नई योजनाओं के तहत दिए जाने वाले डिमांड साइड इंसेंटिव को इस नीति के तहत एलिजिबल स्वैपेबल बैटरी वाले ईवी के लिए उपलब्ध कराया जा सकता है।

इसमें सुझाव दिया गया है कि, "इंसेंटिव कितनी दी जाएगी यह बैटरी की kWh रेटिंग और कंपैटिबल इलेक्ट्रिक वाहन के आधार पर तय किया जा सकता है।"

मसौदा नीति के अनुसार, बैटरी स्वैपिंग स्टेशनों के लिए फ्लोट बैटरी जरूरतों के हिसाब से बैटरी प्रोवाइडर्स को आवंटित सब्सिडी के लिए एक उपयुक्त मल्टीप्लायर लागू किया जा सकता है। 

मसौदा नीति में कहा गया है कि, यह भी प्रस्ताव दिया जा रहा है कि सब्सिडी को बांटने के लिए एक निर्बाध तंत्र संबंधित मंत्रालय या विभाग द्वारा तैयार किया जाएगा।

इलेक्ट्रिकल इंटरफेस पर उच्च स्तर की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए, आयोग ने प्रस्तावित किया कि किसी भी डायइलेक्ट्रिक ब्रेकडाउन, आर्क फेनोमेना, या इलेक्ट्रिकल इंटरफेस पर किसी भी अवांछित तापमान बढ़ोतरी से बचने के लिए एक मजबूत / कठोर टेस्टिंग प्रोटोकॉल अपनाया जाएगा।

 

battery swapping policy battery swapping technology Government think tank Niti Aayog issues draft battery swapping policy for electric vehicles
EV Charging Stations - फोटो : iStock
बैटरी की बैटरी प्रबंधन प्रणाली (बीएमएस) स्व-प्रमाणित होनी चाहिए और परीक्षण के लिए खुली होनी चाहिए ताकि विभिन्न प्रणालियों के साथ इसकी संगतता और सुरक्षा आवश्यकताओं को पूरा करने की क्षमता की जांच की जा सके।

मसौदे में कहा गया है कि मौजूदा माल और सेवा कर (जीएसटी) व्यवस्था के अनुसार, लिथियम-आयन बैटरी और इलेक्ट्रिक वाहन आपूर्ति उपकरण (ईवीएसई) पर टैक्स की दरें क्रमशः 18 प्रतिशत और 5 प्रतिशत हैं।

इसमें सुझाव दिया गया, "जीएसटी प्रावधानों पर निर्णय लेने वाली संस्था, जीएसटी परिषद, दो टैक्स रेट में अंतर को कम करने पर विचार कर सकती है।" 
 
विज्ञापन

battery swapping policy battery swapping technology Government think tank Niti Aayog issues draft battery swapping policy for electric vehicles
Tata Nexon EV Charging - फोटो : For Refernce Only
मसौदा नीति दस्तावेज के अनुसार, बैटरी हेल्थ और परफॉर्मेंस के बारे में बेहतर जानकारी देने के लिए, और पीयर-टू-पीयर रोमिंग नेटवर्क के जरिए उपभोक्ताओं को ज्यादा लचीलेपन मुहैयार कराने के लिए, प्रमुख बैटरी प्रदाताओं के बीच डेटा साझाकरण समझौतों को प्रोत्साहित किया जाएगा।

पूरे बैटरी लाइफसाइकिल में यूनिक ट्रेसबिलिटी को लागू करने के लिए, मसौदा नीति में ईवी बैटरी की ट्रैकिंग और निगरानी के लिए मैन्युफेक्चरिंग स्टेज पर एक यूनिक आईडेंटिफिकेशन नंबर(यूआईएन) बनाने का भी प्रस्ताव है।

इसने कहा कि कोई भी व्यक्ति या संस्था किसी भी स्थान पर बैटरी स्वैपिंग स्टेशन स्थापित करने के लिए स्वतंत्र है, बशर्ते कि निर्दिष्ट तकनीकी, सुरक्षा और परफॉर्मेंस मानकों का पालन किया जाए।
 
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें ऑटोमोबाइल समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। ऑटोमोबाइल जगत की अन्य खबरें जैसे लेटेस्ट कार न्यूज़, लेटेस्ट बाइक न्यूज़, सभी कार रिव्यू और बाइक रिव्यू आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed