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ईवी को बढ़ावा: इलेक्ट्रिक वाहनों की रजिस्ट्रेशन फीस माफ करने पर विचार, सरकार लाई नया नियम
Wed, 02 Jun 2021 02:30 PM IST
अमर शर्मा
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: अमर शर्मा
Updated Wed, 02 Jun 2021 02:30 PM IST
सार
सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) ने इलेक्ट्रिक वाहनों को पंजीकरण शुल्क से छूट देने का प्रस्ताव दिया है। यानी मंत्रालय भारत में इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए पंजीकरण शुल्क माफ करने पर विचार कर रहा है।
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Nitin Gadkari, Electric Vehicles
- फोटो : AmarUjala
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विस्तार
सरकार इलेक्ट्रिक वाहनों को अपनाने के लिए लोगों को प्रोत्साहित करने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। हालांकि अब सरकार एक नए उपाय पर विचार कर रही है, एक ऐसा कदम, जो उम्मीद है कि इलेक्ट्रिक मोबिलिटी की दिशा में प्रयासों को और बल देगा। सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) ने अब इलेक्ट्रिक वाहनों को पंजीकरण शुल्क से छूट देने का प्रस्ताव दिया है। यानी मंत्रालय भारत में इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए पंजीकरण शुल्क माफ करने पर विचार कर रहा है।
नई मसौदा अधिसूचना में कहा गया है कि किसी भी इलेक्ट्रिक वाहन (ईवी) खरीदार को नए ईवी के लिए पंजीकरण शुल्क या पंजीकरण के रिन्यूवल (नवीनीकरण) के लिए शुल्क का भुगतान करने से छूट दी जाएगी। यह एक महत्वपूर्ण उपाय लग सकता है, जब तक आपको यह मालूम नहीं चलता कि भारत में वाहन पंजीकरण वास्तव में ज्यादा खर्चीला नहीं है। केंद्रीय मोटर वाहन नियम, 1989 के नियम 81 के अनुसार, भारत में वाहन पंजीकरण शुल्क मात्र 300 रुपये से 1500 रुपये के बीच है। इससे ज्यादा ठोस कदम रोड टैक्स में सब्सिडी होगी जो अलग-अलग राज्यों में अलग होती है।
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नई मसौदा अधिसूचना में कहा गया है कि किसी भी इलेक्ट्रिक वाहन (ईवी) खरीदार को नए ईवी के लिए पंजीकरण शुल्क या पंजीकरण के रिन्यूवल (नवीनीकरण) के लिए शुल्क का भुगतान करने से छूट दी जाएगी। यह एक महत्वपूर्ण उपाय लग सकता है, जब तक आपको यह मालूम नहीं चलता कि भारत में वाहन पंजीकरण वास्तव में ज्यादा खर्चीला नहीं है। केंद्रीय मोटर वाहन नियम, 1989 के नियम 81 के अनुसार, भारत में वाहन पंजीकरण शुल्क मात्र 300 रुपये से 1500 रुपये के बीच है। इससे ज्यादा ठोस कदम रोड टैक्स में सब्सिडी होगी जो अलग-अलग राज्यों में अलग होती है।
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मंत्रालय ने ट्वीट कर लिखा
मंत्रालय ने सोशल मीडिया ट्विटर पर इस जानकारी को साझा किया और लिखा, "MoRTH ने एक मसौदा अधिसूचना जारी की है जिसमें बैटरी से चलने वाले वाहनों को पंजीकरण प्रमाणपत्र जारी करने या नवीनीकरण करने और नए रजिस्ट्रेशन मार्क के आवंटन के लिए शुल्क के भुगतान से छूट देने का प्रस्ताव है। यह ई-मोबिलिटी को प्रोत्साहित करने के लिए अधिसूचित किया गया है।"
यह नियम बैटरी से चलने वाले सभी वाहनों पर लागू होगा, चाहे वे दोपहिया, तिपहिया या चार पहिया वाहन हों।
यह नियम बैटरी से चलने वाले सभी वाहनों पर लागू होगा, चाहे वे दोपहिया, तिपहिया या चार पहिया वाहन हों।
MoRT&H has issued a draft notification proposing to exempt Battery Operated Vehicles from payment of fees for the purpose of issue or renewal of Registration Certificate and assignment of new registration mark. This has been notified to encourage e-mobility. pic.twitter.com/rStGcgjYHQ
— MORTHINDIA (@MORTHIndia) June 1, 2021
नई स्क्रैपेज नीति में भी छूट
इससे पहले MoRTH ने स्क्रैपिंग सर्टिफिकेट लेने पर निजी वाहनों के लिए रोड टैक्स में 25 फीसदी और परिवहन वाहनों के लिए 15 फीसदी रियायत का प्रस्ताव दिया था। नई स्क्रैपेज नीति इस साल 1 अक्तूबर से लागू होने की उम्मीद है।
नए प्रस्ताव के मुताबिक, यदि वाहन "वाहन स्क्रैपिंग का प्रमाण पत्र" जमा करने के लिए पंजीकृत है, तो गैर-परिवहन वाहनों को मोटर व्हीकल टैक्स में 25 फीसदी तक और परिवहन वाहनों को 15 फीसदी तक की छूट मिलेगी। ईवी के लिए भी इसी तरह की छूट दिए जाने से भारतीय बाजार में ईवी अपनाने में तेजी लाने में मदद मिल सकती है।
नए प्रस्ताव के मुताबिक, यदि वाहन "वाहन स्क्रैपिंग का प्रमाण पत्र" जमा करने के लिए पंजीकृत है, तो गैर-परिवहन वाहनों को मोटर व्हीकल टैक्स में 25 फीसदी तक और परिवहन वाहनों को 15 फीसदी तक की छूट मिलेगी। ईवी के लिए भी इसी तरह की छूट दिए जाने से भारतीय बाजार में ईवी अपनाने में तेजी लाने में मदद मिल सकती है।