21 देशो में बैन थे कामुकता पर राय रखने वाले विवादित गुरू 'OSHO' 90 रोल्स रॉयस कारों के थे मालिक
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विवादित गुरू ओशो मानव जीवन में कामुकता पर हमेशा से अपनी खुली राय रखते थे। अनाखे विचारों के चलते कुछ लोग उन्हें पसंद करते थे तो कुछ उनके खिलाफ खड़े रहते थे। ओशो का जन्म 11 दिसम्बर 1939 को मध्यप्रदेश के रायसेन जिले के कुचवाड़ा गांव में में हुआ था।
ओशो ने अपना करियर बतौर लेक्चरर शुरू किया। ओशो के विचारों भारतीय विचारधारा से दूर और भोग ऐश्वर्यशाली जीवन शैली का अनुसरण करने की ओर प्रेरित करते थे। इसी कारण उनके अनुयायीयों में देश और विदेश की कई ऐसी हस्तियां शामिल थी। जो ग्लैमरस जीवन शैली का आंनद उठाते थे।
यहां तक की जाने माने स्टार विनोद खन्ना और परवीन बॉबी भी उनके समर्थक रहे। ओशो उन्मुक्त भोग के साथ नशे की स्वतंत्रता के लिए भी आवाज उठाते रहे। सन् 1968 में उनके सभी प्रवचनों को जोड़कर एक किताब प्रकाशित की गई। जिसका नाम 'संभोग से समाधि की ओर' रखा गया। जहां से उनके नाम के आगे संभाग शब्द जोड़ दिया गया।
ओशो से जुड़ी रोचक बातें
*ओशो ने भारत में पहला ध्यान केंद्र 1962 में शुरू किया।
*ओशो ने अमेरिका में 64 हजार एकड़ में अपनी अलग रियासत बनाई। जिसमें अपनी पुलिस, न्यायालय, और अपना अस्पताल था।
*नशीले पदार्थ और दूसरे कई मामलों में लगे आरोपों के कारण उन्हें 1985 में उन्हें जर्मनी में गिरफ्तार कर लिया गया।
*ओशो को दुनिया के कुल 21 देशो में बैन कर दिया गया था।
भक्तों ने भेट की 90 रोल्स रॉयस कारें
ओशो के चाहने वाले दुनिया में बेशुमार थे जो उन्हें महंगे तोहफे भेट करते थे। इन्ही में शामिल थी उनकी रोल्स रॉयस कारों की कतार। जिसमें 90 कारें शामिल थी। हालांकि ओशो इस बात को बड़े गर्व से कहते थे। कि मेरे भक्त चाहते हैं कि मेरे पास 365 रोल्स रॉयस कारें हों। और हर दिन एक अलग कार मेरे लिए बाहर खड़ी हो।