2024 तक पेट्रोल और डीजल कारों के पंजीकरण पर रोक लगाने का रास्ता हुआ साफ, देखें कैसे
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सीएम एन चंद्रबाबू नायडू के नेतृत्व वाली आंध्र प्रदेश की सरकार ने प्रदूषण को रोकने के लिए इलेक्ट्रिक वाहन के पक्ष में घोषणा करने वाली पहली सरकार बन गई है। हाल ही में समाप्त हुए एनर्जी इनोवेशन समिट 2019 में आंध्र सरकार ने 2024 तक पेट्रोल और डीजल कारों के पंजीकरण को रोकने और अगले 5 वर्षों में सड़क पर 10 लाख इलेक्ट्रिक वाहन लगाने की घोषणा की है।
आंध्र सरकार 2024 तक अमरावती की सड़कों पर 1 मिलियन इलेक्ट्रिक वाहन लगाने की भी उम्मीद कर रही है। नई ईवी नीति 30000 करोड़ रुपये के निवेश की होगी जिसके लिए सरकार ने ईवी आरएंडडी के लिए 500 करोड़ रुपये की सब्सिडी भी देगी। बता दें,राज्य में ICE कार पंजीकरण को रोकने की घोषणा को सबसे पहले अमरावती की आगामी वास्तविक राजधानी में लागू किया जाएगा।
It was a pleasure to be part of the very stimulating Andhra Energy Innovation Summit 2019 in Vijayawada. An important forum for discussing the many ways in which AP will position itself in the global Energy sector, the summit also put forth ideas that can help us achieve SDGs. pic.twitter.com/FUOC5Zg2Y2
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— N Chandrababu Naidu (@ncbn) February 7, 2019
एन चंद्रबाबू नायडू के नेतृत्व वाली सरकार का लक्ष्य आंध्र प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (APSRTC) के पूरे बेड़े को इलेक्ट्रिक वाहनों में बदलना है।वहीं 2024 तक सभी सरकारी वाहनों को भी इलेक्ट्रिक वाहनों में बदल दिया जाएगा। सरकार की योजना 2024 तक 1 लाख धीमी और तेज ईवी चार्जिंग स्टेशन स्थापित करने की भी है।