Vastu Tips: नया घर बनाते समय जरूर जान लें ये 5 वास्तु नियम, जीवन भर रहेंगे खुशहाल
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Vastu Tips For New Home: किसी भी इंसान के लिए नया घर बनाना बहुत खुशी की बात होती है। नए घर में प्रवेश करना हर किसी के जीवन का एक खूबसूरत सपना होता है। ऐसे में घर बनाते समय हर छोटी बात का ध्यान रखना बहुत जरूरी होता है, इन्हीं में से एक है वास्तु के नियम। जी हां नया घर बनाते समय वास्तु नियमों का ध्यान रखना बहुत जरूरी होता है, मसलन घर का मुख्य द्वार किसी दिशा में होगा, रसोई घर और शौचालय घर के किस हिस्से में होनी चाहिए, आदि।
दरअसल, वास्तु शास्त्र एक प्राचीन भारतीय विज्ञान है जो ऊर्जा के प्रवाह और दिशाओं के आधार पर घर में सकारात्मक वातावरण बनाने में सहायता करता है। वास्तु के अनुसार, घर का मुख्य द्वार केवल लोगों के आने-जाने के लिए नहीं, बल्कि ऊर्जा के प्रवाह के लिए भी महत्वपूर्ण होता है। घर बनाते समय वास्तु के नियमों का पालन न करने से वास्तु दोष लग सकता है, जिसका सीधा असर घर में रह रहे परिजनों पर होता है। इसलिए घर बनाते समय वास्तु नियमों का पालन करना बहुत जरूरी होता है। तो चलिए इस लेख में घर बनाते समय के वास्तु नियमों के बारे में विस्तार से जानते हैं।
किस दिशा में होनी चाहिए मुख्य द्वार?
मुख्य द्वार के लिए ईशान कोण (उत्तर-पूर्व) सबसे शुभ दिशा मानी जाती है, क्योंकि इस दिशा में मुख्य द्वार रखने से सुबह के सूर्य का प्रकाश घर पर पड़ता है जिससे घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। इसके अलावा उत्तर, पूर्व, उत्तर-पश्चिम, सबसे अच्छी दिशा मानी जाती है। इसलिए, यदि संभव हो तो, कोशिश करें कि घर का मुख्य द्वार इन्हीं दिशाओं में रखें।
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किस दिशा में नहीं होना चाहिए प्रवेश द्वार?
आमतौर पर घर के प्रवेश द्वार यानी मुख्य द्वार के लिए अशुभ मानी जाती है। मगर कई बार ऐसा होता है कि ऐसी परिस्थिति बन जाती है कि मुख्य द्वार दक्षिण दिशा में ही करना पड़ता है, ऐसे में नकारात्मक प्रभावों को कम करने के लिए प्रवेश द्वार को दक्षिण-पूर्व दिशा में कर सकते हैं। इस दिशा को दक्षिणमुखी द्वार से बेहतर माना जाता है।
घर में शौचालय की सही दिशा
वास्तु शास्त्र के अनुसार घर में शौचालय की सही दिशा पश्चिम या उत्तर-पश्चिम दिशा में होनी चाहिए।
रसोई घर की सही दिशा
वास्तु शास्त्र के अनुसार घर का रसोई घर हमेशा अग्नि कोण में होना चाहिए। अग्नि कोण यानी पूर्व-दक्षिण दिशा में। जैसा कि हम जानते हैं कि रसोई घर में अग्नि का प्रयोग होता है, ऐसे में नया घर बनवाते समय रसोई घर की दिशा को अग्नि कोण में ही रखना चाहिए।
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डाइनिंग हॉल की सही दिशा
वास्तु के अनुसार घर में डाइनिंग हॉल के लिए पश्चिम दिशा सबसे अच्छी मानी जाती है. इसके अलावा, डाइनिंग हाल को घर के दक्षिण-पूर्व दिशा में भी बनवा सकते हैं।
बेडरूम की सही दिशा
वास्तु सिद्धांतों के अनुसार, नए घर में बेडरूम यानी शयनकक्ष के लिए सबसे अच्छी दिशा घर का दक्षिण-पश्चिम कोना है। इस दिशा में बेडरूम का होना सबसे शुभ माना जाता है।
डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): ये लेख लोक मान्यताओं पर आधारित है। इस लेख में शामिल सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।