फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Astrology ›   Predictions ›   astrology shubh muhurat 1 august guru pushya joga

ग्रह-नक्षत्र: आज का दिन ज्योतिष नजरिए से है बेहद खास, बन रहा खास संयोग

Thu, 01 Aug 2019 06:00 PM IST
विनोद शुक्ला ज्योतिष डेस्क, अमर उजाला
ज्योतिष डेस्क, अमर उजाला Published by: विनोद शुक्ला Updated Thu, 01 Aug 2019 06:00 PM IST
विज्ञापन
astrology shubh muhurat 1 august guru pushya joga
1 अगस्त को साल का आखिरी गुरु पुष्य योग बन रहा है। गुरु पुष्य योग गुरुवार और पुष्य नक्षत्र के संयोग से बनने वाला सबसे अच्छा शुभ मुहूर्त होता है। इस बार भी 1 अगस्त को यह विशेष शुभ मुहूर्त बना है। गुरु पुष्य योग के साथ सर्वार्थ सिद्धि और अमृत सिद्धि योग का संयोग बन रहा है। इन सभी शुभ योगो के साथ 1 अगस्त का दिन बहुत ही फलदायी और मांगलिक कार्यों के लिए शुभ रहेगा। शास्त्रों में इस शुभ योग को अबूझ व स्वयंसिद्ध मुहूर्त भी माना गया है। अबूझ मुहूर्त होने से इस दिन नया काम करना, गृह प्रवेश, जमीन खरीदना, व्यापार आरंभ करना, नया वाहन खरीदने का शुभ दिन रहता है।
विज्ञापन

 
हर प्रकार की समस्या का ज्योतिषीय उपाय, जानिए हमारे ज्योतिषाचार्य से मात्र 99 रुपये में। (विज्ञापन)
विज्ञापन

क्या होता है गुरु- पुष्य 
ज्योतिष शास्त्र में कुल 27 नक्षत्र होते हैं, जिसमें 8वां स्थान पुष्य नक्षत्र का होता है। यह नक्षत्र बहुत ही शुभ और सुखद फल प्रदान करने वाला होता है। इसे सभी 27 नक्षत्रों में सबसे श्रेष्ठ और नक्षत्रों का राजा कहा जाता है। भगवान राम का जन्म भी इसी नक्षत्र में हुआ था। नक्षत्र हर रोज बदलते रहते हैं और हर दिन बदलने वाले नक्षत्र में पुष्य नक्षत्र भी शामिल है। हर 27वें दिन पुष्य नक्षत्र होता है। यह जिस दिन आता है, इसका नाम भी उसी प्रकार रखा जाता है। 1 अगस्त को पुष्य नक्षत्र गुरुवार के दिन पड़ रहा है। इसी प्रकार से गुरु पुष्य नक्षत्र योग कहा जाता है।
विज्ञापन
विज्ञापन


पुष्य नक्षत्र में पैदा हुए व्यक्तियों का स्वभाव और भविष्य
पुष्य नक्षत्र को ज्योतिष शास्त्र में सबसे शुभ माना गया है। इसे सभी 27 नक्षत्रों में सबसे श्रेष्ठ और नक्षत्रों का राजा कहा जाता है। भगवान राम का जन्म भी इसी नक्षत्र में हुआ था। इस नक्षत्र में जन्में लोग बहुत मेहनती होते हैं और अपने दम पर जीने में भरोसा करते हैं। अपनी मेहनत की बदौलत धीरे-धीरे ही सही लेकिन कामयाबी जरूर हासिल करते हैं। कम उम्र में ही कई परेशानियों का सामना करते करते ये जल्दी परिपक्व और भीतर से मजबूत हो जाते हैं। इन्हें संयमित और व्यवस्थित जीवन जीना पसंद होता है।

इन चीजों के लिए होता है शुभ 
इस नक्षत्र में मंत्र दीक्षा, उच्च शिक्षा ग्रहण, भूमि, क्रय-विक्रय, आध्यात्मिक ज्ञान प्राप्त करना, यज्ञ अनुष्ठान और वेद पाठ आरंभ करना, गुरु धारण करना, पुस्तक दान करना और विद्या दान करना और विदेश यात्रा आरंभ करने के लिए श्रेष्ठ होता है। 


गुरु पुष्य नक्षत्र में विवाह नहीं होता।
गुरु पुष्य नक्षत्र में विवाह को छोड़कर अन्य कोई भी कार्य किया जा सकता है। माता पार्वती के श्राप के कारण पुष्य नक्षत्र में विवाह करना अशुभ माना गया है। 

गुरु पुष्य शुभ योग का समय
बुधवार 31 जुलाई को पुष्य नक्षत्र 2 बजकर 41 मिनट लग गया था। इसके बाद यह गुरुवार 1 अगस्त को 12 बजकर 12 मिनट पर समाप्त हो रहा है। शुभ कार्यों के लिए गुरु पुष्य योग केवल 12 बजकर 12 मिनट तक ही रहेगा। इस शुभ योग में जमीन का सौदा,वाहन खरीदना और गृह प्रवेश शुभ माना जाता है। यह शुभ योग दीपावली के शुभ योग के बराबर शुभफलदायी माना गया है। 

हर प्रकार की समस्या का ज्योतिषीय उपाय, जानिए हमारे ज्योतिषाचार्य से मात्र 99 रुपये में। (विज्ञापन)
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all Astrology News in Hindi related to daily horoscope, tarot readings, birth chart report in Hindi etc. Stay updated with us for all breaking news from Astro and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed