जनपद के जखोली ब्लॉक के कुनियाली में बुधवार देर रात तीन गुलदार दिखने से क्षेत्र में दहशत मच गई। गुलदार द्वारा एक निराश्रित बैल का शिकार कर उसे कुनियाली सड़क मार्ग पर खाया जा रहा था। इस दौरान सड़क से गुजरने वाले वाहन ने उनकी तस्वीरें कैद कर ली। घटना के बाद से ही क्षेत्र में दहशत का माहौल है। एक तरफ जहां ग्रामीण और वन्यजीवों के बीच संघर्ष की लगातार घटनाएं बढ़ रही हैं। वहीं अब ग्रामीण भी लगातार बढ़ते गुलदारों की संख्या से चिंतित हैं। ग्रामीणों का कहना है कि जखोली के दक्षिणी रेंज में भूगोल और आबादी का गणित बिगड़ चुका है। खरियाल, देवल, मयाली और लम्बवाड जैसे गांव, जो महज एक से दो किलोमीटर की परिधि में बसे हैं, वहां 2024-2025 में गुलदार के हमलों की घटनाएं बढ़ी हैं और उनकी संख्या में इजाफा होने की भी आशंका है। फिलहाल कुनियाली, डांडा चमसारी और नन्दवाण के लोग शाम ढलते ही गुलदार के डर से घरों में कैद हो रहे हैं। उन्होंने वन विभाग इन इलाकों में सुरक्षात्मक उपाय करने और गश्त बढ़ाने की मांग की है।