होमगार्ड भर्ती के दौरान बृहस्पतिवार रात पुलिस लाइन में चल रहे मेडिकल परीक्षण में अभ्यर्थियों ने डॉक्टरों पर वसूली का आरोप लगाया। इतना ही नहीं एक डॉक्टर के साथ आए उसके रिश्तेदार को भी जमकर पीटा। अधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी और तोड़फोड का प्रयास किया। हालात बिगड़ते देख कई थानों का फोर्स मौके पर बुला लिया गया। पुुलिस ने डॉक्टर के रिश्तेदार युवक को बमुश्किल बचाकर अस्पताल पहुंचाया। अभ्यर्थियों का आरोप है कि मेडिकल फिटनेस के नाम पर उनसे 15-50 हजार रुपये तक वसूले गए। न देेने वाले को अनफिट भी किया गया। जिला कमांडेंट प्रीती शर्मा का कहना है कि परीक्षण के लिए आए दोनों डॉक्टरों और उनके एक रिश्तेदार के खिलाफ वसूली के आरोप की प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। बता दें कि पिछले कुछ दिनों से होमगार्ड भर्ती के लिए मेडिकल परीक्षण चल रहा था। इसी कड़ी में बृहस्पतिवार रात परीक्षण के लिए आए सरकारी डॉ. प्रवीण अग्रवाल और डॉ.महेश त्रिवेदी पर अभ्यर्थियों ने आरोप लगाना शुरू कर दिए कि मेडिकल फिटनेस के नाम पर रुपयों की वसूली की जा रही है। पैसे लेने के लिए दोनों डॉक्टर अपने साथ रिश्तेदारों को भी लाए थे। इनमें तो एक डॉक्टर का बेटा भी बताया जा रहा है। इन्हीं के माध्यम से डॉक्टर अभ्यर्थियों को पर्चियां थमाकर रुपयों की वसूली कर रहे थे। कुछ अभ्यर्थियों ने हो हल्ला शुरू किया तब एक डॉक्टर की यूपी 78 जेजे 8030 नंबर की कार में बैठे युवक को वसूली करते रंगे हाथों पकड़ लिया गया। शोर मचते ही अभ्यर्थियों की भीड़ उन पर टूट पड़ी और उसे जमकर पीटा। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने बड़ी मुश्किल से उसे बचाया। इसके बाद गुस्साए अभ्यर्थियों ने अव्यवस्था के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और तोड़फोड़ का प्रयास किया। इस पर भारी पुलिस फोर्स बुला लिया गया। होमगार्ड जिला कमांडेंट ने अभ्यर्थियों को पैसे वापस लौटाने और आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराने का आश्वासन देकर शांत कराया। कमांंडेंट के मुताबिक अभ्यर्थियों के आरोपों की पुष्टि भी हुई है। दोनों डॉक्टरों ने ढाई से तीन लाख रुपये की वसूली की है।