झांसी। बुंदेलखंड सेवा मंडल की ओर से संचालित महारानी लक्ष्मीबाई इंटर कॉलेज में सोमवार को अमर उजाला की ओर से पुलिस की पाठशाला का आयोजन किया गया। एसपी (साइबर) अरीबा नोमान ने विद्यार्थियों को साइबर अपराध, साइबर बुलिंग और महिला सुरक्षा के प्रति जागरूक किया। उन्होंने मिशन जागृति के तहत छात्र-छात्राओं को पुलिस की विभिन्न हेल्पलाइन और साइबर अपराध से बचाव के उपायों की जानकारी दी। एसपी साइबर की मुख्य सीख साइबर बुलिंग का शिकार होने पर चुप न रहें। इसकी जानकारी परिजन, शिक्षक या पुलिस को दें। सोशल मीडिया पर अनजान लोगों से सावधान रहें और अपनी निजी जानकारी साझा न करें। किसी आपात स्थिति में तत्काल 112 पर सूचना दें। महिलाओं और छात्राओं से संबंधित सुरक्षा की शिकायत के लिए 1090 पर संपर्क करें। साइबर ठगी होने पर तुरंत 1930 पर शिकायत करें और संबंधित बैंक को भी सूचना दें। सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक संदेश या धमकी मिलने पर स्क्रीनशॉट और अन्य साक्ष्य सुरक्षित रखें। मिशन जागृति के तहत छात्राओं को अपने अधिकारों और सुरक्षा के प्रति जागरूक रहने के लिए प्रेरित किया गया। विद्यार्थियों ने पूछे सवाल, एसपी साइबर ने दिए जवाब सवाल : साइबर बुलिंग क्या है और इसकी पहचान कैसे करें? जवाब : सोशल मीडिया या इंटरनेट पर किसी को बार-बार परेशान करना, धमकाना, अपमानित करना या आपत्तिजनक टिप्पणी करना साइबर बुलिंग है। सवाल : सोशल मीडिया पर अनजान व्यक्ति दोस्ती का अनुरोध भेजे तो क्या करें? जवाब : बिना पहचान जाने फ्रेंड रिक्वेस्ट स्वीकार न करें। निजी फोटो, मोबाइल नंबर, पता या अन्य व्यक्तिगत जानकारी साझा करने से बचें। सवाल : साइबर ठगी का शिकार होने पर सबसे पहले क्या करना चाहिए? जवाब : घबराने के बजाय तत्काल बैंक को सूचना दें और साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत करें। सवाल : रास्ते में या ऑनलाइन परेशान किया जा रहा हो तो क्या करें? जवाब : चुप न रहें। परिजनों या भरोसेमंद शिक्षक को इसकी जानकारी दें। जरूरत पड़ने पर महिला हेल्पलाइन 1090 या पुलिस हेल्पलाइन 112 पर शिकायत करें। सवाल : मिशन जागृति से कैसे मदद मिल सकती है? जवाब : अपने अधिकारों और सुरक्षा के प्रति जागरूक रहें। किसी भी तरह की परेशानी को छिपाने के बजाय समय पर आवाज उठाएं और पुलिस की मदद लें। सवाल : आपात स्थिति में पुलिस से कैसे संपर्क करें? जवाब : तत्काल सहायता के लिए 112 पर कॉल करें। शिकायत करने में झिझकें नहीं और घटना से जुड़े साक्ष्य, जैसे स्क्रीनशॉट, फोटो या संदेश, सुरक्षित रखें। ये रहे मौजूद कार्यक्रम में विद्यालय के प्रबंधक प्रभात कुमार सक्सेना, बुंदेलखंड सेवा मंडल के महामंत्री नरोत्तम दास अग्रवाल, पर्यवेक्षक गजानन खानवलकर, सदस्य संतोष कुमार गुप्ता, एनसीसी केयरटेकर एवं संस्कृति विभाग प्रभारी श्यामली सिंह, कुसुम कुशवाहा, प्रदीप सिंह चौहान, हिरदेश अग्रवाल और सचिव राम सिंह सिकोरिया मौजूद रहे। विद्यालय के प्रधानाचार्य अरविंद कुमार ओझा ने कार्यक्रम का संचालन किया।