मंडियों में बारिश से गेहूं को बचाने के लिए तिरपाल तक की व्यवस्था नहीं है। प्रशासन की अनदेखी की वजह से वीरवार शाम हुई बारिश के दौरान सोनीपत अनाज मंडी में 69280 क्विंटल गेहूं भीग गया। साथ ही निकासी न होने के कारण गेहूं से भरे बैग के पास पानी भरा हुआ है। 1.38 लाख बैग भी बारिश में भीग गए। इसी तरह जिला की अन्य मंडियों का भी यही हाल है। गोहाना अनाज मंडी में खुले में पड़ा पौने दो लाख क्विंटल गेहूं भीग गया है। सरकार की ओर से गेहूं की खरीद भुगतान तभी किया जाता है, जब मंडियों से गेहूं को उठाकर गोदाम में भंडारण हो सके। उसके बाद खरीद एजेंसियां किसानों को उनकी फसल का भुगतान कर पाती है।