द रेवेन्यू पटवार एंड कानूनगो एसोसिएशन के आह्वान पर पटवारखानों में पटवारियों और कानूनगो ने काले बिल्ले लगाकर काम किया। पटवारियों के रोष स्वरूप अतिरिक्त कार्य करने से इनकार करने पर काफी लोगों के काम नहीं हो पाए। लोग पटवारखाने में काम करवाने के लिए भटकते नजर आए। द रेवेन्यू पटवार एंड कानूनगो एसोसिएशन के जिला प्रधान सन्नी दहिया ने बताया कि जिले में 74 पटवारी व 20 कानूनगो कार्यरत है। 16 जनवरी को सरकार ने एक एजेंसी की रिपोर्ट के आधार पर पटवारियों पर भ्रष्टाचार के आरोप लगा सूची जारी की थी, जिसमें सोनीपत के 41 पटवारियों के नाम शामिल हैं। उन्होंने कहा कि इस प्रकार किसी एजेंसी की रिपोर्ट के आधार पर पटवारियों पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाना असंवैधानिक है, पटवारियों की मांग है कि मामले की विभागीय जांच करवाई जाए। उन्होंने बताया कि इसके अलावा पटवारी व कानूनगो वेतन, एसीपी, एलटीसी संबंधित मांग को लेकर भी संघर्षरत हैं। मांगे पूरी नहीं होने पर रोष स्वरूप पटवारियों ने एसोसिएशन के आह्वान पर बुधवार को भी बाजू पर काली पट्टी बांधकर काम किया। इस दौरान पटवारियों ने अतिरिक्त काम करने से इनकार कर दिया। जिससे कई लोगों को राजस्व संबंधी काम न होने के कारण पटवारखानों से वापस लौटना पड़ा। जिला प्रधान सन्नी दहिया ने बताया कि राज्य कमेटी के फैसले के मुताबिक पटवारी व कानूनगो ने कार्यालयों में काले बिल्ले लगाकर काम किया। आगामी जो भी निर्णय होगा उसी के अनुसार कदम उठाया जाएगा।