हैफेड के अंतर्गत कार्यरत सहकारी विपणन समितियों के कर्मचारियों व सदस्यों में कमीशन में कटौती किए जाने पर धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया है। समिति कर्मचारियों ने मंगलवार को जिले भर में हड़ताल शुरू कर दी । सिरसा और डबवाली की अनाज मंडी में स्थित को-ऑपरेटिव सोसायटी लिमिटेड कार्यालय के समक्ष कर्मचारियों ने धरना लगा दिया और नारेबाजी की। डबवाली में समिति के सहायक प्रबंधक मनोज मित्तल ने कहा कि हैफेड के अंतर्गत हरियाणा प्रदेश में मंडी स्तर पर लगभग 70 से ज्यादा सहकारी विपणन समितियां (सीएमएस) कार्यरत है, जो मंडियो में किसानों की फसल खरीदने का कार्य करती हैं। इसके लिए इन समितियों को हैफेड द्वारा गेहूं फसल खरीद पर 1.33 रुपए प्रति क्विंटल की दर से कमीशन मिलता है । धान फसल की खरीद पर न्यूनतम समर्थन मूल्य का 0.25 प्रतिशत की दर से कमीशन मिलता हैं, जोकि 5.80 रुपये प्रति क्विंटल बनता है। मित्तल ने कहा कि इन सोसायटी से संबंधित यूनियन पिछले कई वर्षों से गेहूं की फसल पर मिलने वाले कमीशन 1.33 रुपये में बढ़ोतरी की मांग कर रही हैं। सरकार ने उलट धान की खरीद पर मिलने वाले कमीशन 5.80 रुपये प्रति क्विंटल को घटाकर 1.33 रुपये प्रति क्विंटल कर दिया है। इसको लेकर समितियों में कार्यरत कर्मचारियों व सदस्यों में भारी रोष है। उन्होंने कहा कि सरकार धान फसल खरीद पर मिलने वाले कमीशन की दर को बढ़ाने की बजाए कमीशन घटा रही है। यह समितियों को आर्थिक रूप से कमजोर करने की साजिश है। इससे हरियाणा सरकार की छवि धूमिल हो रही है। उनकी मांग है कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी इसका मामले में संज्ञान लेते हुए कटौती किए गए कमेटी को बढ़ाने का काम करें। उनकी मांग है कि इस आदेश को जल्द से जल्द निरस्त किया जाए अन्यथा कर्मचारियों को आंदोलन करना होगा। डबवाली में कच्चा आढ़तियां एसोसिएशन और मुनीम एसोसिएशन ने भी कर्मचारियों की मांगों का समर्थन किया। इस मौके पर रोहतास कुमार , बहादुर सिंह , अजय कुमार , आदित्य सहित अन्य मौजूद थे।