हांसी। हिसार और हांसी में लंबित वित्तीय भत्तों और बकाया भुगतान की मांग को लेकर रोडवेज कर्मचारियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी है। कर्मचारियों की हड़ताल के चलते हिसार डिपो और हांसी सब-डिपो की कुल 259 बसों का संचालन पूरी तरह ठप हो गया है। बसों के पहिए थमने से यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। आपको बता दे कि हिसार डिपो की 181 और हांसी सब-डिपो की 78 बसें हड़ताल के चलते बंद हैं। इसका असर दिल्ली, चंडीगढ़ और जयपुर सहित कई लोकल और लंबे रूटों पर देखने को मिल रहा है। बस सेवा बाधित होने के कारण यात्रियों को अपने गंतव्य तक पहुंचने के लिए दूसरे साधनों का सहारा लेना पड़ रहा है। जयबीर घणघस एवं मंजीत कुमार राेडवेज कर्मचारी ने बताया कि रोडवेज कर्मचारी लंबे समय से अपने लंबित वित्तीय लाभों और बकाया भुगतान की मांग कर रहे हैं। इनमें नाइट ड्यूटी भत्ता, टीए (यात्रा भत्ता), एलटीसी और मेडिकल बिलों का भुगतान प्रमुख रूप से शामिल है। कर्मचारियों का कहना है कि जब तक उनकी मांगों का समाधान नहीं होता, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। बताया जा रहा है कि शुक्रवार शाम और रात को हिसार की एसडीएम ज्योति मित्तल और रोडवेज यूनियन के नेताओं के बीच बातचीत हुई, लेकिन यह वार्ता बेनतीजा रही। इसके बाद कर्मचारियों ने अनिश्चितकालीन चक्का जाम जारी रखने का निर्णय लिया। रोडवेज कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो साझा मोर्चा के आह्वान पर पूरे हरियाणा में करीब 20 हजार रोडवेज कर्मचारी प्रदेशव्यापी चक्का जाम करेंगे। वहीं, हांसी बस स्टैंड पर बसों का संचालन बंद होने से यात्रियों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। करनाल और चंडीगढ़ जाने वाले यात्रियों कृष्ण एवं सोनू ने बताया कि वे काफी देर से बसों का इंतजार कर रहे हैं, लेकिन बसें उपलब्ध नहीं हैं। यात्रियों का कहना है कि सिरसा डिपो की सरकारी बसें भी समय पर नहीं पहुंच रही हैं और जो बसें आ रही हैं, वे भी काफी देरी से पहुंच रही हैं। ऐसे में रोडवेज कर्मचारियों की हड़ताल का सीधा असर आम जनता पर पड़ रहा है। एक तरफ कर्मचारी अपनी लंबित मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ बस सेवा बाधित होने से रोजाना सफर करने वाले यात्रियों को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है।