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Axiom Mission-4: शुभांशु ने ISS पर माइक्रो-शैवाल पर किया प्रयोग, साथियों ने हेल्थ केयर और कैंसर पर किए शोध
Tue, 01 Jul 2025 06:15 AM IST
दीपक कुमार शर्मा
एजेंसी, वाशिंगटन
एजेंसी, वाशिंगटन
Published by: दीपक कुमार शर्मा
Updated Tue, 01 Jul 2025 06:15 AM IST
सार
शुभांशु शुक्ला ने आईएसएस में अपना तीसरा दिन माइक्रो-शैवाल पर प्रयोग में बिताया। शुभांशु ने अपने प्रयोग के तहत सैंपल बैग तैनात किए और माइक्रो-शैवाल की तस्वीरें लीं। यह अध्ययन आईसीजीईबी और ब्रिक-एनआईपीजीआर नई दिल्ली ने डिजाइन किया है जो सूक्ष्म गुरुत्वाकर्षण में खाद्य सूक्ष्म शैवाल की तीन चयनित किस्मों की वृद्धि और चयापचय पर इसके प्रभाव पर केंद्रित है।
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शुभांशु शुक्ला
- फोटो : एएनआई (फाइल)
विस्तार
एक्सिओम मिशन-4 के तहत अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन पहुंचे शुभांशु शुक्ला और उनके साथी अंतरिक्ष यात्री फिलहाल विभिन्न तरह के प्रयोगों में व्यस्त हैं।
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एक्सिओम स्पेस कंपनी की तरफ से दी गई जानकारी के मुताबिक, शुभांशु ने आईएसएस में अपना तीसरा दिन माइक्रो-शैवाल पर प्रयोग में बिताया। शुभांशु ने अपने प्रयोग के तहत सैंपल बैग तैनात किए और माइक्रो-शैवाल की तस्वीरें लीं। यह अध्ययन आईसीजीईबी और ब्रिक-एनआईपीजीआर नई दिल्ली ने डिजाइन किया है जो सूक्ष्म गुरुत्वाकर्षण में खाद्य सूक्ष्म शैवाल की तीन चयनित किस्मों की वृद्धि और चयापचय पर इसके प्रभाव पर केंद्रित है। यह लंबी अवधि के अंतरिक्ष मिशन में पोषक तत्वों से भरपूर फूड सोर्स मुहैया कराने के लिहाज से महत्वपूर्ण साबित हो सकता है। यह अपशिष्ट जल की रि-साइकलिंग और कार्बन डाइऑक्साइड को ऑक्सीजन में बदलने में भी सहायक साबित हो सकता है।
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कैंसर जांच पर भी काम
एक्स-4 के क्रू मेंबर कमांडर पैगी व्हिटसन ने स्पेस स्टेशन पर लो अर्थ ऑर्बिट में कैंसर की जांच पर काम करना जारी रखा और इमेजिंग नमूने लिए, जिससे सूक्ष्म ग्रैविटी में कैंसर के बर्ताव के बारे में नई जानकारी मिल सकती है। अंतरिक्ष यात्रियों ने न्यूरो मोशन वीआर प्रोजेक्ट के लिए भी डाटा जमा किया। अंतरिक्ष यात्रियों की दिमाग की गतिविधि पर फंक्शनल नियर-इन्फ्रारेड स्पेक्ट्रोस्कोपी का इस्तेमाल करके नजर रखी जाती है और यह रिसर्च बताएगी कि माइक्रोग्रैविटी मोटर फंक्शन को कैसे प्रभावित करती है।
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