जापान में चार साल बाद फिर खुला परमाणु बिजली संयंत्र
चार साल पहले हुई फुकुशिमा परमाणु दुर्घटना के बाद जापान पहली बार परमाणु उर्जा से बिजली बनाने वाला है। क्युशु इलेक्ट्रिक पावर कंपनी ने दक्षिणी जापान में स्थित अपने सेंदाई संयंत्र के रिएक्टर नंबर एक से कंट्रोल रॉड्स को हटा लिया है, जिससे वहां परमाणु विखंडन की प्रक्रिया शुरू होगी।
व्यापक विरोध के बावजूद जापान भर में बिजली कंपनियों ने 25 रिएक्टरों को फिर से शुरू करने के लिए आवेदन किया है। लेकिन उन्हें ऐसा करने के लिए नए कड़े सुरक्षा नियमों पर अमल करना होगा। क्युशु कंपनी ने नए सुरक्षा उपकरण लगाने पर पर 12 करोड़ डॉलर खर्च किए हैं।
क्युशु का कहना है कि सेंदाई में नंबर एक रिएक्टर ने सोमवार को स्थानीय समय के अनुसार साढ़े दस बजे से काम करना शुरू कर दिया है। सेंदाई परमाणु प्लांट बहुत से स्थानीय लोग सेंदाई प्लांट को फिर शुरू करने से खुश नहीं हैं।
जमकर हो रहा है विरोध
कंपनी ने उम्मीद जताई है कि इस रिएक्टर में शुक्रवार से परमाणु बिजली बनने लग जाएगी और अगले महीने ये अपनी पूरी क्षमता के साथ काम करने लगेगा।
जापान के प्रधानमंत्री शिंजो आबे ने सोमवार को कहा कि सरकार रिएक्टरों को फिर से शुरू करना चाहती है लेकिन तभी, जब वे 'दुनिया के सबसे मुश्किल सुरक्षा मानकों' को पास करेंगे। हालांकि, जापान में फिर से परमाणु संयंत्र खोले जाने का स्थानीय जनता जमकर विरोध कर रही है।
फुकुशिमा में 11 मार्च 2011 को भूकंप और सुनामी के कारण दायची प्लांट को बहुत नुकसान हुआ और इसके अगले दिन वहां से रेडियोधर्मी पदार्थों का रिसाव होने लगा था। इसे यूक्रेन में 1986 के चर्नोबिल संकट के बाद इसे सबसे बड़ा परमाणु संकट माना गया।