नेपाल त्रासदी: तो स्कूल नहीं लौट पाएंगे लाखों बच्चे!
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संयुक्त राष्ट्र की संस्था यूनिसेफ का कहना है कि यदि जरूरी कदम नहीं उठाए गए तो नेपाल में भूकंप के बाद लगभग 9.5 लाख बच्चे काफी देर तक स्कूलों में लौट नहीं पाएंगे।
नेपाल में 12 दिन पहले आए खतरनाक भूकंप में कई स्कूल और लगभग 24,000 क्लासरूम तबाह हो गए थे। नेपाल में पिछले महीने 7.5 की तीव्रता वाले विनाशकारी भूकंप में मरने वालों की संख्या 7,500 से ज्यादा हो गई है।
दस में से नौ स्कूलों की इमारतें जमींदोज
बच्चों के लिए काम करने वाली संयुक्त राष्ट्र की संस्था यूनिसेफ के अनुसार भूकंप से बुरी तरह प्रभावित इलाकों में 10 में से 9 स्कूलों की इमारत को या तो भारी नुकसान पहुंचा है या वो ढह गई हैं।
यूनिसेफ के नेपाल प्रतिनिधि टोमू होजूमी के अनुसार, "भूकंप से पहले लगभग 10 लाख लोग स्कूल में भर्ती हुए थे लेकिन अब वो इमारत ढह जाने के कारण स्कूल में लौट ही नहीं पाएंगे। ऐसे हालात में यूनिसेफ बच्चों की पढ़ाई के लिए एक वैकल्पिक व्यवस्था बनाने की कोशिश कर रहा है।
नेपाल में स्कूलों के खुलने की तारीख 15 मई तय की गई है। हालांकि उनमें से कई स्कूलों का इस्तेमाल अभी भी आपातकाल शिविरों के रूप में हो रहा है।