न्यूजीलैंड में छ: साल की भारतीय बेटी कुल्हाड़ी थामे डाकुओं से भिड़ी
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छ: साल की बेटी से कोई बहादुरी की क्या अपेक्षा कर सकता है, लेकिन भारत की इस बहादुर बेटी ने न्यूजीलैंड में उसके पिता की दुकान में कुल्हाड़ी और लोहे की रॉड लेकर घुसे छ: हथियारबंद डाकुओं से बाकायदा मुकाबला किया और उन्हें वहां से भागने पर मजबूर किया।
सराह पटेल नाम की इस बेटी की बहादुरी वहां लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हुई। विदेशी अखबारों में इस बहादुर भारतीय बेटी के हौसले व तारीफ के पुल बांधे जा रहे हैं। दरअसल सीसीटीवी फुटेज में यह पूरा वाकया बड़े ही नाटकीय अंदाज में दिखाई दिया।
सबसे पहले मुंह पर मास्क लगाए ये डाकू पटेल की इलेक्ट्रिक दुकान में घुसते हैं और हाथापाई करते हुए कर्मचारियों की पिटाई शुरू कर देते हैं। ये डाकू कुल्हाड़ी व लोहे की रॉड से दुकान के कैबिनेट तोड़कर वहां रखे हजारों डॉलर लूट लेते हैं। तभी एक कर्मचारी द्वारा विरोध करने पर एक डाकू उसे गिराकर उसके ऊपर कुल्हाड़ी लेकर खड़ा हो जाता है, ताकि कर्मचारी उस पर हमला न कर सके। इस बीच छ: साल की सराह पटेल डाकू की टांग पकड़कर उसे बुरी तरह जकड़ लेती है।
घटना के बाद बेटी की हालत में अब सुधार
इस नाटकीय घटनाक्रम में डाकुओं को भागने में देरी होती है। बाद में पुलिस ने वेस्ट ऑकलैंड में पीछा करते हुए सोलह साल के पांच किशोरों को डकैती के आरोप में पकड़ लिया है, जबकि छठे की तलाश जारी है।
वीडियो में यह भी दिखाया गया है कि डाकू को छोड़ने के बाद यह बहादुर बेटी अपने दादा की मदद को भागती है। दुनिया के कई अखबारों ने सराह पटेल की इस ‘चौंका देने वाली बहादुरी’ को ‘‘निडर बेटी’’ बताते हुए प्रकाशित किया है।
इस बहादुर भारतीय बेटी के पिता सुहैल पटेल ने कहा कि उन्हें अपनी बेटी पर गर्व है। उन्होंने बताया कि घटना के बाद उनकी बेटी सदमे में थी, लेकिन बहुत तेजी से उसकी हालत में सुधार हो रहा है। उसके पिता ने कहा कि सराह हमेशा लोगों की मदद को आतुर रहती है, इसलिए इस बहादुरी पर उन्हें कोई आश्चर्य नहीं है। उसकी मां नसरीन ने भी अपनी बेटी पर गर्व जाहिर किया।