MH-17 विमान हादसाः नीदरलैंड्स पहुंचे मृतकों के शव
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बुधवार को मलेशिया एअरलाइंस के एमएच-17 विमान हादसे में मारे गए 40 लोगों के शव विमानों से नीदरलैंड्स के आइंडहोवेन एयर बेस पर लाए गए हैं।
इन चालीस शवों को हिलवेरसम कस्बे के लिए रवाना कर दिया गया है जहां इनकी पहचान की जाएगी।
विमान हादसे के सभी 298 मृतकों की याद में नीदरलैंड्स में एक दिन का राष्ट्रीय शोक घोषित किया गया गै। हादसे में मारे गए अधिकतर लोग डच थे।
इस दौरान लोगों ने एमस्टरडम में शांति मार्च का आयोजन किया गया और एक मिनट का मौन भी रखा गया।
शवों की पहचान होगी तय नहीं
बुधवार को मलेशिया एअरलाइंस के एमएच-17 विमान हादसे में मारे गए 40 लोगों के शव विमानों से नीदरलैंड्स के आइंडहोवेन एयर बेस पर लाए गए हैं।
इन चालीस शवों को हिलवेरसम कस्बे के लिए रवाना कर दिया गया है जहां इनकी पहचान की जाएगी।
विमान हादसे के सभी 298 मृतकों की याद में नीदरलैंड्स में एक दिन का राष्ट्रीय शोक घोषित किया गया गै। हादसे में मारे गए अधिकतर लोग डच थे।
इस दौरान लोगों ने एमस्टरडम में शांति मार्च का आयोजन किया गया और एक मिनट का मौन भी रखा गया।
अलगवादी नेताओं को चेतावनी
अलेक्जेंडर बोर्दोई ने कहा कि उन्हें धमकी दी गई थी कि फॉरेंसिक विशेषज्ञों के आने से पहले से ऐसा किया गया तो इसके गंभीर परिणाम होंगे।
उन्होंने मीडिया से कहा, "हम शव इकट्ठे करना चाहते थे। लेकिन हम ओएससीई प्रतिनिधियों के दबर्दस्त दबाव में थे। हमने एक दिन इंतजार किया। दो दिन इंतजार किया। तीन दिन इंतजार किया।"
उन्होंने आगे कहा, "लेकिन कोई विशेषज्ञ नहीं आया। 30 डिग्री के तापमान में शवों को बाहर छोडना बेतुका और अमानवीय था।"
लेकिन ओएससीई के प्रवक्ता माइकल बोसियुरकीव ने इससे इनकार किया कि उन्होंने विद्रोहियों को हादसे में मारे गए लोगों के शवों को हटाने से रोक था।