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इराक की मदद करेगा अमेरिका!

Tue, 24 Jun 2014 11:04 AM IST
Updated Tue, 24 Jun 2014 11:04 AM IST
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america will help to iraq says john cerry

सोमवार को इराक पहुँचे अमेरिकी विदेश मंत्री जॉन केरी ने कहा है कि अमेरिका इराक को 'हर तरह की मदद लगातार' देगा। केरी ने सोमवार को इराक़ी प्रधानमंत्री नूरी अल-मलिकी सहित कई प्रमुख शिया और सुन्नी नेताओं से मुलाकात की।

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केरी ने कहा है कि सुन्नी चरमपंथी संगठन आईएसआईएस (इस्लामिक स्टेट ऑफ़ इराक़ एंड अल शाम) इराक़ के अस्तित्व के लिए ख़तरा है।

उन्होंने कहा, "इराक़ अपने अस्तित्व की लड़ाई लड़ रहा है और इराक़ी नेताओं को इस संकट का सामना करना पड़ेगा। इराक़ का भविष्य अगले कुछ दिनों-हफ़्तों में लिए जाने वाले फ़ैसलों पर निर्भर करेगा।''
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उन्होंने कहा, ''इराक़ का भविष्य मूल रूप से यहाँ के नेताओं की एकसाथ मिलकर काम करने और आईएसआईएस के ख़िलाफ़ एकजुट होने की क्षमता पर निर्भर है और इन नेताओं को अगले हफ़्ते, अगले महीने नहीं बल्कि इसी समय ये करके दिखाना होगा।"
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इराक़ में विद्रोही सुन्नी चरमपंथी संगठन आईएसआईएस देश के उत्तरी और पश्चिमी इलाक़ों में अपना प्रभुत्व बढ़ाता जा रहा है।

बांध पर कब्जे की कोशिश

america will help to iraq says john cerry

इराक़ी शहर हदीथा के नज़दीक एक महत्वपूर्ण बांध पर चरमपंथी क़ब्ज़ा जमाने के लिए संघर्ष कर रहे हैं। इराक़ को सीरिया और जॉर्डन से जोड़ने वाले सभी संपर्क मार्गों पर आईएसआईएस का क़ब्ज़ा हो चुका है।

देश के उत्तरी इलाक़े में स्थित रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण तल अफ़र हवाई अड्डे पर भी चरमपंथियों का क़ब्ज़ा हो चुका है। कुछ ख़बरों में कहा जा रहा है कि इस शहर पर भी विद्रोही लड़ाकों का नियंत्रण हो चुका है।

हदीथा के नज़दीक के बांध की रक्षा के लिए भारी इराक़ी सैन्य बल तैनात हैं। इस बांध के टूट जाने के बाद इराक़ में भारी बिजली संकट पैदा हो सकता है। स्थानीय नागरिकों ने बीबीसी को बताया कि विद्रोही लड़ाकों ने शहर को घेर लिया है लेकिन वो अब तक इसमें प्रवेश करने में सफल नहीं हो पाए हैं।

इराक़ी सेना के एक प्रवक्ता ने बीबीसी से कहा कि नौ जून को देश के दूसरे सबसे बड़े शहर मोसूल पर क़ब्ज़े के साथ शुरू हुई हिंसक कार्रवाइयों में सैकड़ों इराक़ी सैनिक मारे जा चुके हैं।

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