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नेपाल में फिर बड़ी आपदा, 41 लोगों की मौत, कई लापता

Thu, 11 Jun 2015 11:18 PM IST
एजेंसी / काठमांडू
एजेंसी / काठमांडू Updated Thu, 11 Jun 2015 11:18 PM IST
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 41 people died in nepal landslide

लगातार हो रही भारी बारिश से नेपाल के पर्वतीय पूर्वोत्तर इलाके में हुए भूस्खलन से बृहस्पतिवार को छह गांवों के जमींदोज हो जाने से कम से कम 41 लोगों की मौत हो गई। 25 अप्रैल को आए भूकंप के बाद यह नेपाल में दूसरी सबसे बड़ी आपदा है। यह भूस्खलन तापलीगंज जिले के गांवों में हुआ। 

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पुलिस ने बताया कि इस भूस्खलन में 41 लोगों की मौत हो गई और आठ अन्य लोग घायल हो गए। अब तक दुघर्टना स्थल से 12 लोगों के शव बरामद किए गए हैं। मरने वालों की तादाद बढ़ सकती है क्योंकि जिन गांवों में यह भूस्खलन हुआ उसके कई बाशिंदे अभी भी लापता हैं
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नेपाल की फौज और नेपाल पुलिस बचाव अभियान में जुटी है। पुलिस ने बताया कि लगातार हो रही बारिश और बादल फटने से अचानक आई बाढ़ से बचाव कार्यों में दिक्कत पेश आ रही है। बारिश वाले मानसून सीजन में पर्वतीय नेपाल में भूस्खलन आम बात है।
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अभी नहीं भरे थे तबाही के जख्म

 41 people died in nepal landslide

नेपाल हाल ही आए दो बड़े भूकंपों और उसके बाद महसूस किए गए कई झटकों में नौ हजार से ज्यादा लोग मारे जा चुके हैं। ये भूकंप अपने पीछे बर्बादी के निशान छोड़ गए हैँ। नेपाल में बृहस्पतिवार को भूकंप के दो हल्के झटके महसूस किए गए।

सुबह दस बज कर दो मिनट पर 4.6 की तीव्रता का भूकंप का पहला हल्का झटका महसूस किया गया गया। इसका केंद्र सिंधुपाल चौक जिले में तिब्बत सरहद के करीब बताया जाता है। 

राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र के मुताबिक भूकंप का दूसरा झटका दोपहर 12.26 बजे महसूस किया गया। इसकी तीव्रता 4.1 आंकी गई। भूकंप के इस झटके का केंद्र दोलखा जिले में बताया जाता है।

कार्यकारी मुख्य जिलाधिकारी (सीडीओ) सुरेंद्र भट्टराई के हवाले से बताया ‘तापलीजंग जिले के गावों में बुधवार रात जब लोग सो रहे थे तब भूस्खलन हुआ। जहां यह भूस्खलन हुआ प्रशासन वहां घायलों को बचाने के लिए विमान भेजने की तैयारियों में जुटा है।

डीएसपी शांति राज कोइराला ने कहा कि भूस्खलन के कारण दर्जनों घरों में पानी भर गया है। बारिश के दिनों में पर्वतीय नेपाल में भूस्खलन आम बात है। हिमालय अभी हाल ही में आए दो बड़े भूकंपों और उसके बाद आए झटकों ये अभी भी उबरने में जुटा है।

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