पाकिस्तानी प्रदर्शनकारी संसद परिसर में घुसे
पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में इमरान खान और ताहिरुल कादिरी के समर्थक संसद भवन के परिसर में घुसने में कामयाब हो गए हैं।
इससे पहले जब प्रदर्शनकारी प्रधानमंत्री निवास की ओर कूच करने की कोशिश कर रहे थे तो सुरक्षाबलों ने उनपर आंसू गैस के गोले छोडे और रबर की गोलियां दागी।
पुलिस का कहना है कि प्रदर्शनकारियों को प्रधानमंत्री हाउस की ओर जाने की अनुमति नहीं दी गई है।
इस्लामाबाद में मौजूद बीबीसी संवाददाता आसिफ फारुकी का कहना है कि प्रदर्शनकारियों ने संसद भवन परिसर में दाखिल होने की कोशिश की है। लेकिन यदि वे आगे बढते हैं तो उन्हें फौज का सामना करना होगा।
शहर के एक अस्पताल के प्रवक्ता ने बीबीसी संवाददाता जीशान जफर को बताया कि पुलिसकर्मियों समेत कुल 80 लोगों को अस्पताल लाया गया है जिनमें औरतें और बच्चे भी शामिल हैं। प्रवक्ता का कहना है कि अभी तक एक भी शव अस्पताल नहीं लाया गया है।
सेना की तैनाती बढ़ाई
सरकार ने प्रधानमंत्री हाउस समेत पूरे रेड जोन की सुरक्षा सेना के हवाले कर रखी है।
रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने एक निजी टेलीविजन चैनल से बातचीत में कहा है कि जरूरत पडने पर सेना को कार्रवाई करने का आदेश दिया जा सकता है। रक्षा मंत्री ने ये भी कहा है कि हिंसा के बीच बातचीत संभव नहीं है।
इस पूरे घटनाक्रम के बीच पाकिस्तान के गृहमंत्री चौधरी निसार ने संवाददाताओं से कहा है, ''ये लोग सरकारी इमारतों पर कब्जा करना चाहते हैं लेकिन सुरक्षाकर्मियों ने भी संविधान और देश की रक्षा करने की शपथ ले रखी है।''
प्रधानमंत्री नवाज शरीफ से इस्तीफे की मांग को लेकर इमरान खान ने 14 अगस्त को लाहौर से आजादी मार्च की शुरुआत की थी। धर्मगुरु ताहिरुल कादरी ने भी उसी दिन इंकलाब मार्च शुरू किया था।
दोनों का दावा है कि नवाज शरीफ ने पिछले साल हुआ आम चुनाव धांधली से जीता था। शरीफ ने आरोप से इंकार किया है और मौजूदा विरोध प्रदर्शनों को मामूली बताया है।