फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   Pakistan ›   former prime minister' son video come in market

पाकिस्तानः पूर्व प्रधानमंत्री के अपहृत बेटे का आया वीडियो

Sat, 26 Apr 2014 04:52 PM IST
Updated Sat, 26 Apr 2014 04:52 PM IST
विज्ञापन
former prime minister' son video come in market

पाकिस्तान के प्रधानमंत्री यूसुफ रज़ा गिलानी के बेटे अली हैदर गिलानी का एक वीडियो मिला है जिसमें उन्होंने कहा है कि उनके अपहरण के पीछे प्रतिबंधित तहरीके-तालिबान पाकिस्तान नहीं बल्कि एक गिरोह का हाथ था।

विज्ञापन


अली हैदर गिलानी के अपहरण की जांच करने वाली टीम में शामिल एक अधिकारी अपना नाम बताने की शर्त पर बताया कि इस वीडियो में अपहृत अली हैदर गिलानी ने उस समूह का नाम नहीं लिया जिनकी वह हिरासत में हैं।
विज्ञापन


इससे पहले ऐसा माना जाता रहा है कि अली हैदर गिलानी को तालिबान ने बंधक बनाया हुआ है। अधिकारी के अनुसार इस वीडियो में अली हैदर गिलानी जंज़ीरों में जकड़े हुए हैं और उनका हुलिया देखकर ऐसा अंदाज़ा लगाया जा सकता है कि उन्हें हिंसा का शिकार बनाया गया है। लेकिन इस वीडियो में अपहरणकर्ता नज़र नहीं आ रहे हैं पर ऐसा लगता है कि यह वीडियो एक कमरे में बनाया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन


पाकिस्तान के गृह मंत्रालय ने भी ऐसा वीडियो के मिलने की पुष्टि की है । अधिकारी का कहना है कि इस वीडियो में अली हैदर गिलानी ने कह रहे है कि अपहरणकर्ताओं ने फिरौती मांगी है ।

चुनाव के दौरान अपहरण
यूसुफ रज़ा गिलानी को पाकिस्तान के सुप्रीम कोर्ट के एक फ़ैसले के बाद प्रधानमंत्री का पद छोड़ना पड़ा था। अधिकारी के अनुसार इस वीडियो में अली हैदर गिलानी ने अपने परिवार को भी आलोचना की है और कहा है कि उनकी रिहाई के लिए उचित उपाय नहीं किए जा रहे हैं।

महत्वपूर्ण है कि अली हैदर गिलानी का पिछले वर्ष मुल्तान से चुनाव प्रचार के दौरान अपहरण कर लिया गया था और पूर्व प्रधानमंत्री यूसुफ रजा गिलानी ने अपने बेटे की रिहाई के लिए आईएसआई से मदद मांगी थी।

हाल ही में तालिबान से बातचीत के दौरान सरकार ने तालिबान के 19 कैदियों की रिहाई के बदले अली हैदर गिलानी, पंजाब के पूर्व राज्यपाल सलमान तासीर के बेटे शहबाज़ तासीर और इस्लामिया कॉलेज विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ। अजमल की रिहाई की शर्त रखी थी।

अली हैदर गिलानी के अपहरण के मामले की जांच करने वाली टीम में शामिल एक अधिकारी के अनुसार इस वीडियो से पहले शहबाज़ तासीर को भी दो वीडियो भिजवाई गईं थीं जिनमें अपहरणकर्ताओं की ओर से उनके परिजनों से फिरौती की मांग की गई थी।


पर्यवेक्षकों का कहना है कि सरकार और प्रतिबंधित तहरीके-तालिबान पाकिस्तान के बीच होने वाले बातचीत के दौरान ऐसे वीडियो जारी करने का मकसद सरकार का ध्यान किसी अन्य गुट की ओर आकर्षित करना हो सकता है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news, Crime all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed