क्या लागू हो जीरो कोविड की सख्त नीति: एशिया-प्रशांत क्षेत्र में अब ओमिक्रॉन ने अस्त-व्यस्त की आम जिंदगी
विशेषज्ञों का कहना है कि इन सख्त नीतियों से एशिया-प्रशांत क्षेत्र के देश मृत्यु की संख्या और संक्रमण के स्तर को यूरोप या अमेरिका की तुलना में काफी कम रखने में सफल रहे हैं। इस बीच ओमिक्रॉन वैरिएंट के फैलने से ऐसे उपायों पर जोर और बढ़ गया है। गुरुवार को अपनी 80 फीसदी आबादी का पूरा टीकाकरण कर चुके दक्षिण कोरिया ने रात नौ बजे के बाद रेस्तरां, कैफे, और बार बंद करने का आदेश जारी किया...
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एशिया-प्रशांत क्षेत्र के देशों में कोविड-19 वैक्सीन लगाने की शुरुआत हुए एक साल पूरा हो चुका है। पिछले साल वैक्सीन ने इस इलाके में आम जिंदगी बहाल होने की उम्मीदें जगाई थीं। लेकिन आज तक यहां जिंदगी सामान्य नहीं हो सकी है। उलटे कोरोना वायरस के नए ओमिक्रॉन वैरिएंट ने इन देशों की चिंता बढ़ा दी है। इससे नए सिरे महामारी संबंधी प्रतिबंध लागू होने का दौर आ गया है।
स्वास्थ्य व्यवस्था मरीजों की मांग के मुताबिक हो
हांगकांग स्थित रिसर्चर रोबर्तो ब्रुज़ोने ने टीवी चैनल अल-जजीरा से कहा- ‘ऐसा लगता है कि दुनिया महामारी का मुकाबला करने में सक्षम नहीं है। यह गंभीर मामला है।’ उन्होंने कहा- ‘असल तैयारी यह नहीं है कि लॉकडाउन लगा दिया जाए या घर से बाहर निकलने पर मास्क पहनना अनिवार्य कर दिया जाए। बल्कि असल तैयारी यह होगी कि स्वास्थ्य व्यवस्था मरीजों की मांग के मुताबिक तैयार रहे, चाहे रोग कोई भी हो।’
इस क्षेत्र में चीन ने अब तक जीरो कोविड की सख्त नीति जारी रखी है। इसके तहत संक्रमण के एक भी मामले की सूचना मिलते ही लॉकडाउन लागू कर दिया जाता है और विदेशी यात्रा रोक दी जाती है। जापान, दक्षिण कोरिया, मलयशिया और सिंगापुर भी अब तक सख्त नियंत्रण की नीति पर चल रहे हैं, हालांकि वहां कुल आबादी के लगभग 80 फीसदी का टीकाकरण हो चुका है। अल-जजीरा की रिपोर्ट के मुताबिक अगर महामारी से पहले के समय से तुलना करें, तो इस साल अक्तूबर में इस क्षेत्र में हवाई यात्रा 93 फीसदी कम थी।
विशेषज्ञों का कहना है कि इन सख्त नीतियों से एशिया-प्रशांत क्षेत्र के देश मृत्यु की संख्या और संक्रमण के स्तर को यूरोप या अमेरिका की तुलना में काफी कम रखने में सफल रहे हैं। इस बीच ओमिक्रॉन वैरिएंट के फैलने से ऐसे उपायों पर जोर और बढ़ गया है। गुरुवार को अपनी 80 फीसदी आबादी का पूरा टीकाकरण कर चुके दक्षिण कोरिया ने रात नौ बजे के बाद रेस्तरां, कैफे, और बार बंद करने का आदेश जारी किया। निजी मेल-जोल में भी चार से ज्यादा लोगों के इकट्ठा होने पर रोक लगा दी गई है। दक्षिण कोरिया में हाल में कोविड-19 के संक्रमण में तेजी से बढ़ोतरी हुई है।
मलयशिया में नए प्रतिबंध
मलयशिया में 79 फीसदी आबादी को वैक्सीन के दोनों डोज लग चुकी हैं। इसके बावजूद उसने इस हफ्ते नए प्रतिबंधों का एलान किया। भीड़ के एक जगह इकट्ठा होने पर वहां पूरी रोक लगा दी गई है। सिंगापुर में 83 फीसदी जनता का पूरा टीकाकरण हुआ है। पहले सिंगापुर ने कोविड के साथ जीने की नीति अपनाने का फैसला किया था। लेकिन अब सिंगापुर सरकार सामाजिक समारोहों पर पूरी रोक लगा दी है। पांच से ज्यादा लोगों के एक साथ भोजन करने और किसी घर में आने-जाने वाले लोगों की संख्या सीमित करने जैसे नियम लागू कर दिए गए हैं।
सिंगापुर के एक थिंक टैंक से जुड़े विशेषज्ञ जयंत मेनन ने अल-जजीरा से कहा- ‘मुझे उम्मीद है कि जितनी जरूरत है, उससे भी अधिक समय तक ये प्रतिबंध जारी रहेंगे।’ बताया जाता है कि इस क्षेत्र के देशों ने विश्व स्वास्थ्य संगठन की तरफ से जारी इस चेतावनी को गंभीरता से लिया है कि ओमिक्रॉन वैरिएंट तेजी से फैल रहा है और संभव है कि यह एक बार फिर स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को नाकाफी साबित कर दे।