फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   Indian nationalist Hamid Nehal Ansari is released from Pakistan Jail

पाकिस्तान जेल से छह साल बाद रिहा हुए हामिद निहाल अंसारी, अटारी वाघा बॉर्डर पर परिजन कर रहे इंतजार

Tue, 18 Dec 2018 03:48 PM IST
Avdhesh Kumar इस्लामाबाद, भाषा 
इस्लामाबाद, भाषा  Published by: Avdhesh Kumar Updated Tue, 18 Dec 2018 03:48 PM IST
विज्ञापन
Indian nationalist Hamid Nehal Ansari is released from Pakistan Jail
Hamid Ansari

पाकिस्तान ने भारतीय नागरिक हामिद निहाल अंसारी को पाकिस्तानी जेल से मंगलवार को रिहा कर दिया और अब उन्हें वापस भारत भेजा जा रहा है। हामिद निहाल अंसारी के परिजन अटारी वाघा बॉर्डर पर उनका इंतजार कर रहे हैं। परिजनों ने तिरंगा भी लिया हुआ है। मीडिया में आई एक खबर में यह जानकारी दी गई है। खबरों के अनुसार एक लड़की से मिलने के लिए अवैध रूप से पाकिस्तान में प्रवेश करने के लिए अंसारी को खुफिया एजेंसियों ने हिरासत में ले लिया था। 


loader





पाक की खुफिया एजेंसियों ने अफगानिस्तान से देश में प्रवेश करने के बाद अंसारी को 2012 में हिरासत में ले लिया था और 2015 में एक सैन्य अदालत ने फर्जी पाकिस्तानी पहचान पत्र रखने के मामले में उन्हें तीन साल की सजा सुनाई थी। सैन्य अदालत द्वारा 15 दिसंबर 2015 को सजा सुनाए जाने के बाद से 33 वर्षीय मुंबई निवासी अंसारी पेशावर केंद्रीय कारागार में बंद थे। उनकी तीन साल की सजा 15 दिसंबर, 2018 को पूरी हो गई थी लेकिन कानूनी दस्तावेज तैयार नहीं होने की वजह से वह भारत रवाना नहीं हो पा रहे थे।

बृहस्पतिवार को पेशावर उच्च न्यायालय ने संघीय सरकार को एक महीने के भीतर उनको स्वदेश भेजने की प्रक्रिया पूरी करने के लिए कहा था। सरकारी रेडियो पाकिस्तान ने खबर दी है कि भारतीय नागरिक को मंगलवार को मार्दन जेल से रिहा कर इस्लामाबाद रवाना कर दिया गया जहां से आगे वह भारत की यात्रा पर रवाना होंगे।

पेशे से सॉफ्टवेयर इंजीनियर रहे अंसारी पाकिस्तानी खुफिया एजेंसियों एवं कोहाट की स्थानीय पुलिस द्वारा 2012 में हिरासत में लिए जाने के बाद से लापता हो गए थे और आखिरकार उनकी मां फौजिया अंसारी द्वारा दाखिल बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका के जवाब में उच्च न्यायालय को सूचित किया गया कि वह पाकिस्तानी सेना की हिरासत में हैं और एक सैन्य अदालत में उनपर मुकदमा चलाया जा रहा है।

खबरों के मुताबिक ऑनलाइन चैटिंग के दौरान एक लड़की से दोस्ती के बाद उससे मिलने की चाहत में वह अफगानिस्तान के रास्ते पाकिस्तान पहुंच गए थे। पाकिस्तान का दावा है कि अंसारी एक "भारतीय जासूस थे जिन्होंने अवैध तरीके से पाकिस्तान में प्रवेश किया था और वह राष्ट्र विरोधी अपराधों एवं फर्जी दस्तावेज बनाने में शामिल थे।" 

पेशावर उच्च न्यायालय की दो न्यायाधीशों वाली पीठ ने अंसारी के वकील काजी मुहम्मद अनवर के जरिए उनकी ओर से दायर याचिका पर गुरुवार को सुनवाई की। इस पीठ में न्यायमूर्ति रूहुल अमीन और न्यायमूर्ति कलंदर अली खान शामिल थे। अनवर ने पीठ को सूचित किया कि गृह मंत्रालय एवं जेल अधिकारियों ने उनकी रिहाई एवं भारत वापसी पर पूरी तरह चुप्पी साधी हुई है जिसके बाद न्यायमूर्ति खान ने अतिरिक्त एटॉर्नी जनरल से यह बताने को कहा था कि सजा पूरी होने के बाद वे किसी कैदी को जेल में कैसे रख सकते हैं। 

गृह मंत्रालय का प्रतिनिधित्व करने वाले एक अधिकारी ने अदालत को सूचित किया कि कानूनी दस्तावेज तैयार किए जाने की सूरत में एक कैदी को एक महीने के लिए जेल में रखा जा सकता है। कानूनी स्थिति जानने के बाद अदालत ने एक महीने के भीतर औपचारिकता पूरी करने का निर्देश दिया था।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

Next Article

Followed