{"_id":"5d0368588ebc3e4aaa44afd7","slug":"imran-khan-again-breaks-diplomatic-protocol-at-bishkek-sco-summit-2019","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"एससीओ सम्मेलन में इमरान खान ने तोड़ा डिप्लोमेटिक प्रोटोकॉल, खूब उड़ा मजाक","category":{"title":"World","title_hn":"दुनिया","slug":"world"}}
एससीओ सम्मेलन में इमरान खान ने तोड़ा डिप्लोमेटिक प्रोटोकॉल, खूब उड़ा मजाक
Fri, 14 Jun 2019 06:08 PM IST
Priyesh Mishra
वर्ल्ड डेस्क, बिश्केक
वर्ल्ड डेस्क, बिश्केक
Published by: Priyesh Mishra
Updated Fri, 14 Jun 2019 06:08 PM IST
विज्ञापन
एससीओ में जब बैठे रहे पाकिस्तानी पीएम इमरान खान
- फोटो : Video Grab
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक में आयोजित एससीओ समिट में इमरान खान ने फिर अपनी करतूतों से जगहंसाई करवाई। वे डिप्लोमेटिक प्रोटोकॉल तोड़ते हुए एससीओ के उद्धाटन सत्र में सदस्य देशों के प्रमुख नेताओं के आगमन पर बैठे दिखाई दिए। जबकि सभाकक्ष में दूसरा कोई सदस्य बैठा नहीं था।
शिखर सम्मेलन के उद्घाटन समारोह के दौरान उस वक्त पाकिस्तानी प्रधानमंत्री इमरान खान ने अजीबो-गरीब स्थिति पैदा कर दी जब भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित अन्य नेताओं के खड़े रहने के दौरान ही वह अपनी सीट पर बैठ गए। इमरान की ओर से इस तरह कूटनीतिक प्रोटोकॉल तोड़े जाने पर सोशल मीडिया पर उनकी खूब खिंचाई हुई।
इमरान की पार्टी ‘पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ’ (पीटीआई) के आधिकारिक ट्विटर हैंडल पर साझा किए गए एक वीडियो में इमरान बैठे दिख रहे हैं जबकि दुनिया के अलग-अलग देशों के बाकी नेता और गणमान्य लोग खड़े दिख रहे हैं। यह वीडियो उस वक्त का है जब विभिन्न देशों के राष्ट्राध्यक्ष एससीओ शिखर सम्मेलन के उद्घाटन समारोह में पहुंचे थे।
विज्ञापन
इमरान का नाम पुकारे जाने पर वह कुछ पल के लिए खड़े हुए और फिर अन्य नेताओं के बैठने से पहले ही खुद बैठ गए। इसे प्रोटोकॉल तोड़ने के तौर पर देखा जा रहा है। इस वाकये को लेकर सोशल मीडिया पर उनकी खूब खिंचाई हुई।
ट्विटर पर एक व्यक्ति ने लिखा- बिश्केक में एससीओ के दौरान इमरान खान ने एक बार फिर मुल्क के लिए शर्मिंदगी पैदा की। जब सारे लोग खड़े थे, वह बैठ गए। जब प्रस्तोता ने उनका नाम लिया तो खड़े हुए, लेकिन फिर बैठ गए। अहंकारी, अशिष्ट या बेवकूफ?
एक अन्य व्यक्ति ने ट्वीट किया- इमरान खान साहब, भविष्य में अपनी छाप छोड़ने के लिए कूटनीतिक यात्राओं की मर्यादा का अध्ययन जरूर करें।
इतना ही नहीं, अपनी गलती का अहसास होने पर वह उठे लेकिन फिर तुरंत बैठ भी गए। इमरान की इस हरकत का वीडियो खुद उनकी पार्टी तहरीक ए इंसाफ ने अपने ट्विटर अकाउंट पर शेयर किया है।
इसके पहले इमरान खान 14वें इस्लामिक सहयोग संगठन सम्मेलन के दौरान सऊदी अरब के सुल्तान की बेइज्जती कर चुके हैं। इसे लेकर सऊदी अरब प्रशासन ने विरोध भी दर्ज कराया था।
विज्ञापन
शिखर सम्मेलन के उद्घाटन समारोह के दौरान उस वक्त पाकिस्तानी प्रधानमंत्री इमरान खान ने अजीबो-गरीब स्थिति पैदा कर दी जब भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित अन्य नेताओं के खड़े रहने के दौरान ही वह अपनी सीट पर बैठ गए। इमरान की ओर से इस तरह कूटनीतिक प्रोटोकॉल तोड़े जाने पर सोशल मीडिया पर उनकी खूब खिंचाई हुई।
विज्ञापन
इमरान की पार्टी ‘पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ’ (पीटीआई) के आधिकारिक ट्विटर हैंडल पर साझा किए गए एक वीडियो में इमरान बैठे दिख रहे हैं जबकि दुनिया के अलग-अलग देशों के बाकी नेता और गणमान्य लोग खड़े दिख रहे हैं। यह वीडियो उस वक्त का है जब विभिन्न देशों के राष्ट्राध्यक्ष एससीओ शिखर सम्मेलन के उद्घाटन समारोह में पहुंचे थे।
विज्ञापन
इमरान का नाम पुकारे जाने पर वह कुछ पल के लिए खड़े हुए और फिर अन्य नेताओं के बैठने से पहले ही खुद बैठ गए। इसे प्रोटोकॉल तोड़ने के तौर पर देखा जा रहा है। इस वाकये को लेकर सोशल मीडिया पर उनकी खूब खिंचाई हुई।
ट्विटर पर एक व्यक्ति ने लिखा- बिश्केक में एससीओ के दौरान इमरान खान ने एक बार फिर मुल्क के लिए शर्मिंदगी पैदा की। जब सारे लोग खड़े थे, वह बैठ गए। जब प्रस्तोता ने उनका नाम लिया तो खड़े हुए, लेकिन फिर बैठ गए। अहंकारी, अशिष्ट या बेवकूफ?
एक अन्य व्यक्ति ने ट्वीट किया- इमरान खान साहब, भविष्य में अपनी छाप छोड़ने के लिए कूटनीतिक यात्राओं की मर्यादा का अध्ययन जरूर करें।
इतना ही नहीं, अपनी गलती का अहसास होने पर वह उठे लेकिन फिर तुरंत बैठ भी गए। इमरान की इस हरकत का वीडियो खुद उनकी पार्टी तहरीक ए इंसाफ ने अपने ट्विटर अकाउंट पर शेयर किया है।
इसके पहले इमरान खान 14वें इस्लामिक सहयोग संगठन सम्मेलन के दौरान सऊदी अरब के सुल्तान की बेइज्जती कर चुके हैं। इसे लेकर सऊदी अरब प्रशासन ने विरोध भी दर्ज कराया था।
Prime Minister of #Pakistan @ImranKhanPTI's Arrival with other World Leaders at Invitation of President of Kyrgyzstan for Opening Ceremony 19th Meeting of the Council of the Heads of State of the Shanghai Cooperation Organization in Bishkek Kyrgyzstan (13.06.19)#SCOSummit2019 pic.twitter.com/fYdKYN3Fv7
— PTI (@PTIofficial) June 13, 2019
पीएम मोदी ने इमरान को किया नजरअंदाज, आतंक पर पाक को घेरा
एससीओ समिट को संबोधित करते पीएम मोदी
- फोटो : @MEAIndia Twitter
समिट के दूसरे दिन फोटो सेशन के समय पीएम मोदी ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान से दूरी बनाए रखी। इससे पहले गुरुवार को आयोजित रात्रिभोज में भी पीएम मोदी ने इमरान को भाव नहीं दिया। भारत ने पहले ही साफ कर दिया है कि आंतकवाद और बातचीत साथ-साथ नहीं चल सकते।
वहीं पाकिस्तानी प्रधानमंत्री इमरान खान ने बिश्केक में फिर भारत से बातचीत करने की इच्छा जताई। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में शांति और स्थिरता के लिए भारत और पाक के बीच में बातचीत जरूरी है। इमरान ने करतारपुर कॉरिडोर को लेकर भी अपनी पीठ थपथपाई।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आतंकवाद को लेकर पाकिस्तान पर इशारों में निशाना साधा। उन्होंने इसके लिए एक अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन बुलाने की भी मांग की। पीएम ने मध्य एशिया में चाबहार पोर्ट और अश्काबाद व्यापार समझौते का जिक्र करते हुए पीएम ने कहा कि व्यापार के साथ हम पीपुल टू पीपुल कनेक्टिविटी को भी बढ़ा रहे हैं। अफगानिस्तान का विशेष रूप से उल्लेख करते हुए कहा कि इस देश में शांति और स्थिरता बहुत जरूरी है और इस दिशा में एससीओ काम कर रहा है।
वहीं पाकिस्तानी प्रधानमंत्री इमरान खान ने बिश्केक में फिर भारत से बातचीत करने की इच्छा जताई। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में शांति और स्थिरता के लिए भारत और पाक के बीच में बातचीत जरूरी है। इमरान ने करतारपुर कॉरिडोर को लेकर भी अपनी पीठ थपथपाई।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आतंकवाद को लेकर पाकिस्तान पर इशारों में निशाना साधा। उन्होंने इसके लिए एक अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन बुलाने की भी मांग की। पीएम ने मध्य एशिया में चाबहार पोर्ट और अश्काबाद व्यापार समझौते का जिक्र करते हुए पीएम ने कहा कि व्यापार के साथ हम पीपुल टू पीपुल कनेक्टिविटी को भी बढ़ा रहे हैं। अफगानिस्तान का विशेष रूप से उल्लेख करते हुए कहा कि इस देश में शांति और स्थिरता बहुत जरूरी है और इस दिशा में एससीओ काम कर रहा है।