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महिला मानवाधिकार कार्यकर्ताओं के लिए सऊदी अरब में सजा-ए-मौत की मांग
भाषा, दुबई
Updated Thu, 23 Aug 2018 11:36 AM IST
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women activist
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एक ओर जहां महिलाओं के ड्राइविंग पर लगे प्रतिबंध हटा दिए गए हैं, महिलाएं अब स्टेडियम जाकर खेल देख सकती हैं ऐसी खबरों के बीच सऊदी अरब से एक चौंकाने वाली खबर सामने आ रही है। एमनेस्टी ने बताया कि सऊदी अरब के लोक अभियोजक ने महिला अधिकारों के लिए आवाज उठाने वाली एक महिला समेत पांच मानवाधिकार कार्यकर्ताओं के लिए मौत की सजा की मांग की है।
इन पर तेल समृद्ध पूर्वी प्रांत में शिया मुस्लिम अल्पसंख्यकों द्वारा किए गए प्रदर्शन में मौजूद भीड़ को उकसाने का आरोप है और इन आरोपियों में महिला मानवाधिकार कार्यकर्ता इसरा अल-गोमगाम भी हैं। मानवाधिकार से संबंधित कार्य करने के लिए मौत का सामना कर रही यह संभावित पहली महिला हैं।
एमनेस्टी इंटरनेशनल के पश्चिम एशिया के अभियान निदेशक समा हदीद ने बताया, 'इसरा अल-गोमगाम और चार अन्य व्यक्ति सरकार विरोधी प्रदर्शन में सामान्य तौर पर शामिल होने की वजह से सबसे ज्यादा भयानक सजा का सामना कर रहे हैं।'
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सऊदी सरकार के अधिकारियों ने इस पर टिप्पणी के आग्रह के बाद तत्काल कोई टिप्पणी नहीं की है।
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इन पर तेल समृद्ध पूर्वी प्रांत में शिया मुस्लिम अल्पसंख्यकों द्वारा किए गए प्रदर्शन में मौजूद भीड़ को उकसाने का आरोप है और इन आरोपियों में महिला मानवाधिकार कार्यकर्ता इसरा अल-गोमगाम भी हैं। मानवाधिकार से संबंधित कार्य करने के लिए मौत का सामना कर रही यह संभावित पहली महिला हैं।
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एमनेस्टी इंटरनेशनल के पश्चिम एशिया के अभियान निदेशक समा हदीद ने बताया, 'इसरा अल-गोमगाम और चार अन्य व्यक्ति सरकार विरोधी प्रदर्शन में सामान्य तौर पर शामिल होने की वजह से सबसे ज्यादा भयानक सजा का सामना कर रहे हैं।'
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सऊदी सरकार के अधिकारियों ने इस पर टिप्पणी के आग्रह के बाद तत्काल कोई टिप्पणी नहीं की है।