फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   European Parliament suspends work on EU-US trade deal after trumps comments on greenland at Davos wef

EU Vs US: दावोस में ट्रंप के भाषण के बाद यूरोपीय संसद का बड़ा फैसला, ईयू-अमेरिका व्यापार समझौते पर लगाई रोक

Wed, 21 Jan 2026 09:17 PM IST
हिमांशु चंदेल वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, बर्न
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, बर्न Published by: हिमांशु चंदेल Updated Wed, 21 Jan 2026 09:17 PM IST
सार

EU-US Trade Deal Suspends: ग्रीनलैंड पर अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप की आक्रामक टिप्पणियों और टैरिफ की धमकियों से यूरोप-अमेरिका रिश्तों में तनाव बढ़ गया है। दावोस में दिए गए बयानों के बाद यूरोपीय संसद ने ईयू-अमेरिका व्यापार समझौते पर काम रोक दिया। आइए जानते हैं इस पूरे मामले में यूरोपीय संसद ने ऐसा कदम क्यों उठाया और इसका क्या प्रभाव पड़ेगा।

विज्ञापन
European Parliament suspends work on EU-US trade deal after trumps comments on greenland at Davos wef
उर्सुला वॉन डेर लेन और डोनाल्ड ट्रंप - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स

विस्तार

ग्रीनलैंड को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की बार-बार की गई टिप्पणियों ने यूरोप और अमेरिका के बीच तनाव बढ़ा दिया है। दावोस में भी ट्रंप ग्रीनलैंड के मुद्दे पर मुखर रहे। इसीलिए यूरोपीय संसद ने एक बड़ा फैसला लेते हुए यूरोपीय संघ और अमेरिका के बीच प्रस्तावित व्यापार समझौते पर काम फिलहाल रोक दिया है। दरअसल, दावोस में ट्रंप का संबोधन भाषण कम और धमकी देना ज्यादा लग रहा था। उनके लहजे और भाषण से साफ लग रहा था कि वो ग्रीनलैंड के विवाद पर किसी की भी नहीं सुनेंगे। ऐसे में यूरोपीय संसद ने ये कार्रावई की। 
विज्ञापन


दावोस बयान से क्यों भड़का यूरोप?
यूरोपीय संसद के एक सदस्य के मुताबिक, दावोस में ट्रंप ने एक बार फिर ग्रीनलैंड पर नियंत्रण की मांग दोहराई और उन यूरोपीय सहयोगियों पर टैरिफ लगाने की चेतावनी दी, जो इस योजना का विरोध कर रहे हैं। ग्रीनलैंड डेनमार्क का अर्ध-स्वायत्त क्षेत्र है और यूरोपीय संघ के कई देश इसे लेकर अमेरिका के रुख से नाराज हैं। संसद का मानना है कि ऐसे बयानों के बीच व्यापार समझौते पर आगे बढ़ना सही नहीं होगा।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें- 'डेनमार्क एहसान फरामोश', दावोस में ट्रंप बोले- दुनिया की सुरक्षा के लिए ग्रीनलैंड पर कब्जा जरूरी
विज्ञापन
विज्ञापन


किस समझौते पर लगी रोक?
यूरोपीय संसद उस व्यापार पैकेज पर चर्चा कर रही थी, जिसमें अमेरिकी उत्पादों पर कई ईयू आयात शुल्क हटाने का प्रस्ताव शामिल है। यह समझौता पिछले साल जुलाई के अंत में स्कॉटलैंड के टर्नबेरी में तय हुआ था।

समझौते में क्या शामिल?
  • अमेरिका से आने वाले कई उत्पादों पर ईयू आयात शुल्क खत्म करना।
  • अमेरिकी लॉब्स्टर के आयात पर शून्य शुल्क की अवधि बढ़ाना, जिसकी शुरुआत 2020 में हुई थी।
  • दोनों पक्षों के बीच व्यापार को आसान और सस्ता बनाना।

ये भी पढ़ें- WEF: 'अगले पांच साल भी तेज रफ्तार से दौड़ेगी भारतीय अर्थव्यवस्था', जानें दावोस में मंत्री वैष्णव ने क्या कहा

यूरोपीय संसद की मंजूरी क्यों जरूरी?
इन सभी प्रस्तावों को लागू करने के लिए यूरोपीय संसद और यूरोपीय संघ के सदस्य देशों की मंजूरी जरूरी है। संसद ने साफ संकेत दिया है कि जब तक अमेरिका ग्रीनलैंड और टैरिफ को लेकर अपना रुख स्पष्ट और नरम नहीं करता, तब तक इस समझौते पर आगे बढ़ना मुश्किल है। संसद का मानना है कि दबाव और धमकी के माहौल में कोई भी व्यापारिक साझेदारी टिकाऊ नहीं हो सकती।

अन्य वीडियो-


 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed