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सविता हलप्पनवार की मौत ने तूल पकड़ा
बीबीसी हिंदी
Updated Thu, 15 Nov 2012 09:32 PM IST
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आयरलैंड के एक अस्पताल में भारतीय मूल की गर्भवती महिला सविता हलप्पनवार की मौत के हालातों पर चिंता जताते हुए भारत ने कहा है कि वो घटना पर नज़र बनाए हुए है।
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घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता सैयद अकबरुद्दीन ने कहा, "हमें सविता हल्लपनवार की मौत पर गहरा खेद है। किसी भारतीय नागरिक की ऐसे हालातों में मौत चिंता का विषय है। डबलिन स्थित हमारा दूतावास घटना पर नज़र रखे हुए हैं।"
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प्रवक्ता ने ये भी कहा कि विदेश मंत्रालय ने मृतक के परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की है। उन्होंने आगे बताया कि भारत इस मामले की आयरिश अधिकारियों द्वारा कराई जा रही दो जांचों के परिणामों का इंतज़ार कर रहा है और इसके बाद वे आगे की कार्रवाई के बारे में सोचेगा।
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सविता हल्लपनवार की मौत की जांच के लिए स्वतंत्र विशेषज्ञ नियुक्त किया गया है। इससे पहले यूनिवर्सिटी अस्पताल गालवे में भी मामले की आंतरिक जांच शुरू हो गई थी।
विरोध प्रदर्शन
इस बीच भारतीय मूल की दंतचिकत्सक सविता हल्लपनवार की मौत के बाद आयरलैंड के गर्भपात का़नूनों के खिलाफ़ विरोध शुरू हो गए हैं।
आयरलैंड की राजधानी डबलिन में संसद के बाहर बुधवार शाम को लगभग 2000 लोग जमा हुए जो देश के गर्भपात क़ानून में बदलवा की मांग कर रहे थे।
वहीं लंदन में आयरिश दूतावास के बाहर भी लगभग 40 लोगों का एक गुट जमा हुआ। और कॉर्क शहर के ऑपेरा हाउस में सविता हलप्पनवार की याद में लोगों ने मोमबत्तियां जलाईं।
सविता हलप्पनवार की इस वर्ष 28 अक्तूबर को मौत हुई थी। परिवार वालों का कहना है कि सविता गर्भपात कराने की मांग कई बार कर चुकी थीं। लेकिन ऐसा नहीं हो पाया। उनके पति ने बीबीसी को बताया कि डॉक्टरों ने ऐसा करने से इनकार कर दिया था क्योंकि सविता का भ्रूण जीवित था।