ब्रिटेन के हाउस ऑफ कॉमन्स में गूंजा कंदील का मामला, पीएम थेरेसा ने की निंदा
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ब्रिटेन के हाउस ऑफ कॉमन्स में कंदील बलोच का मुद्दा गूंजा। ब्रिटिश पीएम थेरेसा मे ने कंदील बलोच की हत्या पर सहानुभूति जताई और वारदात की निंदी की। थेरेसा ने कहा कि सम्मान की खातिर की गई हत्या में सम्मान जैसा कुछ भी नहीं।
डॉन की खबर के मुताबिक कश्मीर में जन्मी कंजर्वेटिव सांसद नुसरत गनी की ब्रिटिश संसद के प्रश्नकाल में कंदील की हत्या पर सवाल उठाया था। गनी ने कहा था कि पिछले हफ्ते कंदील के भाई ने सम्मान की खातिर गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी। हत्या और हिंसा की वारदातों में सम्मान जैसे शब्दों का प्रयोग बंद होना चाहिए। गनी के प्रश्न के बाद ब्रिटिश पीएम थेरेसा कंदील की हत्या पर बोलीं।
पीएम बनने के बाद ब्रिटिश संसद में थेरेसा से पूछा गया यह पहला प्रश्न था। गनी ने अपने सवाल में कहा कि उग्रवाद के कई रूप हैं, नीस में किया गया ट्रक हमला हो या कंदील बलोच की उसी के भाई के द्वारा हत्या, इन वारदातों को 'ऑनर किलिंग' ठहरा दिया गया।
'हमारी कंदील फायरब्रांड थी'
गनी ने कहा कि यूके में ही बीते पांच वर्षों में 11 हजार वारदातों को सम्मान की खातिर अंजाम दे दिया गया। उन्होंने कहा कि इन वारदातों के पीछे वजह सम्मान की नहीं बल्कि आतंक की थी। उन्होंने पूछा क्या प्रधानमंत्री महोदया ऐसी वारदातों के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले 'सम्मान' शब्द रोकेंगी? उन्होंने कहा कि ऐेसे शब्दों की आड़ में पुरुष औरतों को अपनी जागीर समझ लेते हैं और जैसा चाहें बर्ताव करते हैं।
गनी के सवाल के बाद ब्रिटिश पीएम थेरेसा ने कहा कि मिस गनी बिलकुल सही सवाल उठा रही हैं। उन्होंने कहा कि ऐसी वारदातों में सम्मान जैसा कुछ भी नहीं।
गनी ने जब कंदील के बारे में ट्वीट किया तो ब्रिटिश पीएम थेरेसा ने भी कंदील के समर्थन में ट्वीट किया और लिखा ''वह हमारी कंदील थी, वह फायब्रांड थी, उसे जो अच्छा लगता था उसे करने की वह हिम्मत रखती थी।''