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भारतीय मुंशी का हुआ करता था प्रिंस हैरी और मेगन का नया घर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लंदन
Updated Mon, 03 Dec 2018 07:20 AM IST
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प्रिंस हैरी-मेगन मार्केल
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विंडसर स्थित महारानी एलिजाबेथ द्वितीय का घर फ्रोगमोर कॉटेज असल में एक भारतीय मुंशी का हुआ करता था। अब इस घर में प्रिंस हैरी और उनकी पत्नी मेगन मर्केल अपने आने वाले नन्हें मेहमान के साथ रहेंगे। भारत पर महारानी विक्टोरिया के शासन के दौरान फ्रोगमोर कॉटेज उनके भारतीय विश्वासपात्र और सहयोगी अब्दुल करीम तथा उनके परिवार का हुआ करता था।
करीम महज 24 साल की उम्र में आगरा से लंदन गए थे। वह 1887 में महारानी विक्टोरिया को उनके शासन के 50 साल पूरे होने के अवसर पर खास मोहर तोहफे में देने गए थे। महारानी अपने भारतीय विश्वासपात्र को ‘मुंशी’ कहती थीं।
‘विक्टोरिया एंड अब्दुल : द एक्सट्राऑर्डिनरी ट्रू स्टोरी ऑफ क्वींस क्लोजेस्ट कांफिडेंट’ की लेखिका शरबनी बसु का कहना है, ‘महारानी विक्टोरिया ने इसे अब्दुल करीम को खास तोहफे मेें दिया था। वह अकसर कॉटेज में जातीं और करीम तथा उनकी पत्नी के साथ चाय पीतीं। उन्होंने कॉटेज को कई प्रकार की खूबसूरत चीजों से सजाया था, इसमें कई चीजें यूरोपीय राज परिवारों से मिली हुई थीं।’
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करीम महज 24 साल की उम्र में आगरा से लंदन गए थे। वह 1887 में महारानी विक्टोरिया को उनके शासन के 50 साल पूरे होने के अवसर पर खास मोहर तोहफे में देने गए थे। महारानी अपने भारतीय विश्वासपात्र को ‘मुंशी’ कहती थीं।
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‘विक्टोरिया एंड अब्दुल : द एक्सट्राऑर्डिनरी ट्रू स्टोरी ऑफ क्वींस क्लोजेस्ट कांफिडेंट’ की लेखिका शरबनी बसु का कहना है, ‘महारानी विक्टोरिया ने इसे अब्दुल करीम को खास तोहफे मेें दिया था। वह अकसर कॉटेज में जातीं और करीम तथा उनकी पत्नी के साथ चाय पीतीं। उन्होंने कॉटेज को कई प्रकार की खूबसूरत चीजों से सजाया था, इसमें कई चीजें यूरोपीय राज परिवारों से मिली हुई थीं।’
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