अरुणाचल में भारतीय रक्षामंत्री का दौरा शांति के लिए खतरा, इससे बिगड़ सकता है माहौल: चीन
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चीन ने सोमवार को रक्षामंत्री निर्मला सीतारमण के पहले अरुणाचल दौरे पर ऐतराज जताया। यही नहीं उसने इलाके को ‘विवादित क्षेत्र’ करार देते हुए भारतीय रक्षा मंत्री के दौरे को क्षेत्रीय शांति के लिहाज से उचित नहीं बताया है।
बता दें कि रक्षामंत्री सीतारमण ने रविवार को चीनी सीमा से लगे अरुणाचल प्रदेश के सुदूर अंजॉ जिले में सेना की अग्रिम चौकियों का दौरा किया था। इस दौरान उन्होंने चीनी सीमा पर भारत की रक्षा तैयारियों का भी जायजा लिया था।
चीनी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता हू-चुनिंग ने कहा कि भारतीय रक्षा मंत्री के अरुणाचल प्रदेश दौरे पर ‘आपको’ चीन की स्थिति के बारे में बिल्कुल स्पष्ट रहना होगा। चीन-भारत सीमा के पूर्वी खंड पर विवाद है। इसलिए ‘विवादित क्षेत्र’ में भारतीय रक्षा मंत्री का यह दौरा संबंधित क्षेत्र की शांति के अनुकूल नहीं है।
उल्लेखनीय है कि भारत और चीन के बीच वास्तविक नियंत्रण रेखा 3,488 किलोमीटर लंबी है। चीन दावा करता आया है कि अरुणाचल प्रदेश दक्षिणी तिब्बत का हिस्सा है। वह भारतीय शीर्ष अधिकारियों द्वारा इस इलाके के दौरे पर नियमित रूप से आपत्ति जताता है। वैसे, विवाद के हल को लेकर दोनों देशों के बीच 19 बार बातचीत भी हो चुकी है।
बातचीत के जरिए समाधान की वकालत की
चीनी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता हू-चुनिंग ने भारतीय पक्ष को चीनी पक्ष के साथ काम करने का सुझाव भी दिया। उन्होंने कहा कि ऐसा इसलिए किया जाना चाहिए ताकि बातचीत के जरिए मसले का हल हो सके। उम्मीद है कि भारत इसके लिए चीन के साथ काम करेगा और संतुलित तरीके से हमारी चिंताओं को समझेगा।