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अजहर को 'बचाकर' अब चीन कर रहा भारत को मनाने की कोशिश, द्विपक्षीय संबंधों की दी दुहाई
टीम डिजिटल/अमर उजाला
Updated Fri, 03 Nov 2017 02:14 PM IST
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Masood Azhar
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मसूद अजहर को वैश्विक आतंकी घोषित करने की भारत की कोशिशों पर फिर से पानी फेरने के बाद चीन ने कहा कि बीजिंग नई दिल्ली के साथ द्विपक्षीय संबंध बेहतर करने पर काम कर रहा है। चीन ने चौथी बार अजहर को वैश्विक आतंकी घोषित करने की भारत, यूएस और बाकी देशों की कोशिशों में अड़ंगा लगाते हुए कहा था कि प्रतिबंध लगाने वाली कमेटी के बीच आम सहमति नहीं बन पाई है।
चीन ने अमेरिका, फ्रांस और ब्रिटेन की कोशिश की नाकाम, मसूद अजहर को आतंकी घोषित करने पर फंसाया पेंच
इस पूरी घटना के बाद चीनी विदेश मंत्री के सहायक चेन जियाडोंग ने कहा था कि भारत चीन का महत्वपूर्ण पड़ोसी देश है और चीन अपने सभी पड़ोसियों के साथ बनाए गए संबंधों को नए युग की ओर लेकर जाना चाहता है। चेन ने आगे कहा कि चीन भारत के साथ द्विपक्षीय संबंधों को बेहतर करने के लिए काम कर रहा है।
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इस पूरी घटना के बाद चीनी विदेश मंत्री के सहायक चेन जियाडोंग ने कहा था कि भारत चीन का महत्वपूर्ण पड़ोसी देश है और चीन अपने सभी पड़ोसियों के साथ बनाए गए संबंधों को नए युग की ओर लेकर जाना चाहता है। चेन ने आगे कहा कि चीन भारत के साथ द्विपक्षीय संबंधों को बेहतर करने के लिए काम कर रहा है।
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भारत ने जताई थी नाराजगी
मसूद अजहर
चीन के इस कदम पर भारत ने नाराजगी जताते हुआ कहा था कि संकीर्ण उद्देशय को पूरा करने के लिए आतंक का साथ देना आगे की ना सोचने और प्रगति को उल्टा कर देना जैसा है।
बता दें कि आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद को यूएन की प्रतिबंधित आतंकी संगठनों की सूची में पहले ही डाला जा चुका है लेकिन मसूद अजहर को बार-बार चीन बचा रहा है। चीन वीटो शक्ति का इस्तेमाल कर इस प्रस्ताव को यह कहकर खारिज कर दिया है कि इस पर सर्वसम्मति नहीं है।
बता दें कि आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद को यूएन की प्रतिबंधित आतंकी संगठनों की सूची में पहले ही डाला जा चुका है लेकिन मसूद अजहर को बार-बार चीन बचा रहा है। चीन वीटो शक्ति का इस्तेमाल कर इस प्रस्ताव को यह कहकर खारिज कर दिया है कि इस पर सर्वसम्मति नहीं है।